Sunday, August 2, 2026
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रश्मि यादव ने की महिला आरक्षण विधेयक पारित कराने की मांग

विधायिका में महिला आरक्षण की मांग करती डा.रश्मि यादव

एटा। महिला अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाली संस्था अनिरुद्ध सोसाइटी की प्रमुख रश्मि यादव ने महिला आरक्षण विधेयक को लोकसभा और राज्यसभा से पास कराने की मांग की है। उनका कहना है कि जब स्थानीय निकाय में महिलाओं को 33% आरक्षण हासिल है,तो विधायिका में क्यों नहीं।
डा.रश्मि यादव ने कहा है कि मौजूदा समय में चल रहे लोकसभा सत्र में ही महिला आरक्षण विधेयक पारित किया जाना चाहिए क्योंकि पिछले 25 वर्षों से अटका हुआ है। उन्होंने कहा है कि जब पुरुष और महिलाओं को संवैधानिक रूप से बराबर के अधिकार हासिल हैं तो फिर विधायिका में उनकी हिस्सेदारी आधी क्यों नहीं है। उन्होंने कहा है कि सरकार केवल महिला आरक्षण और महिलाओं को बढ़ावा देने के खोखले वादे करती है। उत्तर प्रदेश विधान सभा में मात्र 10% ही महिलाओं को ही प्रतिनिधित्व दिया गया है।

बालिकाओं और महिलाओं ने की डीएम से हक की बात

  • जनपद में दो घंटे के पारस्परिक संवाद का हुआ आयोजन
  • डीएम से स्थानीय मुद्दों के अलावा, व पेंशन, घरेलू हिंसा आदि पर रखी अपनी बात

कासगंज: हक की बात-जिलाधिकारी के साथ कार्यक्रम का आयोजन गुरुवार को जनपद में जिलाधिकारी हर्षिता माथुर की अध्यक्षता में पूर्वाहन 11बजे से दोपहर 1 बजे तक सफलतापूर्वक आयोजित हुआ। इसमें महिलाओं एवं बालिकाओं ने ऑफलाइन एवं फ़ोन कॉल के माध्यम से प्रतिभाग किया। प्रतिभागियों ने जिलाधिकारी एवं जिला प्रोबेशन अधिकारी से शिकायत की। अधिकारियों शिकायतों का तत्काल निराकरण/निस्तारण कर दिया।
विजयलक्ष्मी चित्रगुप्ता कॉलोनी कासगंज विजयलक्ष्मी ने बताया वो खरीदारी करने तहसील रोड पर हाजी खां कपड़े वाले के यहाँ गई। खरीदारी के दौरान हाजी ने उनके साथ छेड़खानी की और गलत व्यवहार किया। जिलाधिकारी ने कोतवाली कासगंज नियमानुसार कार्यवाही के निर्देश दिए|
आकृति चौहान नगला अस्तल सहावर गेट कासगंज की निवासी हैं। आकृति का कहना है गांव के सौरभ व कमल ने घर में घुसकर छेड़खानी की,जब वे लोग मेरे साथ बत्तमीजी कर रहे थे। तब मेरे भाई ने मुझे बचाने का प्रयास किया,तो सौरभ व कमल ने मेरे भाई की मारपीट की। हमने थाने में एफआईआर कराई,लेकिन एफआईआर के उपरांत भी उन दोनों को गिरफ्तार नहीं किया गया। जिलाअधिकारी ने कोतवाली कासगंज नियमानुसार कार्यवाही के निर्देश दिए।
जशोदा कुमारी कासगंज की रहने वाली हैं। यशोदा ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटी का नियमित टीकाकरण पूर्ण होने के बाद कन्या सुमंगला योजना का आवेदन किया गया था। लेकिन अभी तक उन्हें कोई लाभ प्राप्त नहीं हुआ है। जिलाधिकारी ने प्रोबेशन अधिकारी को निर्देश दिए कि नियमानुसार कार्यवाही की जाए।
रामवती पत्नी नन्नू मल मौहल्ला धनपाल कस्बा गंजडुंडवारा की निवासी है रामवती ने बताया कि आवेदन करने के बाद भी उनको वृद्धा पेंशन का लाभ नहीं मिल रहा है। जिलाधिकारी ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को निर्देश दिए,कि संबंधित प्रकरण में उचित कार्यवाही की जाए।

सुभारती लॉ कॉलिज में व्याख्यान का आयोजन

मेरठ: सरदार पटेल सुभारती लॉ कॉलिज, स्वामी विवेकानन्द सुभारती विश्वविद्यालय, मेरठ में नई शिक्षा नीति 2020 एवं स्वामी विवेकानन्द का दृष्टिकोण विषय पर एक व्याख्यान का आयोजन किया गया। स्वामी विवेकानन्द शोध पीठ, स्वामी विवेकानन्द सुभारती विश्वविद्यालय की संयोजिका डा.शिम्मी गुरवारा द्वारा यह व्याख्यान मूटकोर्ट हॉल में शिक्षकों एवं छात्रों के सम्मुख प्रस्तुत किया गया।
अपने व्याख्यान में डा.शिम्मी गुरवारा ने नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के बारे में बताते हुए कहा कि यह नीति शोध के क्षेत्र में गुणात्मक परिवर्तन लायेगी। यह नीति छात्रों को ग्लोबल प्लेटफार्म भी दिलाएगी। हमारा देश अब ज्ञान के क्षेत्र में फिर से विश्वगुरू बनने की और अग्रसर है। अत: छात्रों को ज्ञान और विज्ञान के क्षेत्र में शोधोन्मुख होना होगा। स्वामी विवेकानन्द भारत के ज्ञान की इस पूँजी को अमेरिका के शिकागो में विश्व धर्म-सम्मेलन में लेकर गये थे। भारत की ज्ञान परम्परा सदैव ज्ञान-विज्ञान के क्षेत्र में शोध से जुड़ी हुई है खगोल विज्ञान से लेकर ज्योतिष विज्ञान, योग विज्ञान, दर्शन विज्ञान, आयुर्वेद एवं अध्यात्म के क्षेत्र में हम सर्वप्रथम रहे हैं। स्वामी विवेकानन्द जी के माध्यम से 17वी व 18वी शताब्दी में विश्व को भारत के सनातम धर्म से जुड़ने का मौका मिला। यह शिक्षा नीति गुणवत्ता पर बल देती है। छात्रों को खुद को सक्षम बनाना होगा,खुद को जागृत करना होगा तब कुछ भी असम्भव नही है। नये-नये विचारों से जुड़कर साहस और धर्य के साथ शोध से जुड़े रहना छात्रों के लिए जरूरी है। शोध कार्य करने के लिए योजना बनाकर खुद पहल करनी चाहिए साथ ही साथ आत्मविश्वास के साथ खुद में लीडरशिप क्वालिटी पैदा करनी चाहिए। स्वामी विवेकानन्द में भी आत्मविश्वास और लीडरशिप क्वालिटी थी जिनके बल पर उन्होंने विश्व को अपने विचारों से प्रभावित किया। आज भी उनके विचार युवा छात्रों के लिए प्रेरणादायक है। इसलिए भारत में स्वामी विवेकानन्द के जन्मदिवस को युवा दिवस के रूप में मनाया जाता है। हम सौभाग्यशाली है कि हमारे सुभारती विश्वविद्यालय का नाम स्वामी विवेकानन्द सुभारती विश्वविद्यालय है। अत: छात्र के रूप आपकी जिम्मेदारी सीमित से असीमित होने में है।
डा.सारिका त्यागी ने डा.शिम्मी गुरवारा का उनके व्याख्यान के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया। इस कार्यक्रम में शिक्षकों व छात्र-छात्रों की उपस्थिती बनी रही।

आईआईएमटी विश्वविद्यालय में स्वर्णिम विजय ज्योति का भव्य स्वागत

आईआईएमटी विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में स्वर्णिम विजय ज्योति का भव्य स्वागत किया गया।
  • युवा एनसीसी कैडेट्स ने देखी स्वर्णिम विजय ज्योति, लिखेंगे भारत का स्वर्णिम इतिहास

मेरठ। आईआईएमटी यूनिवर्सिटी गंगानगर में चल रहे 22 यूपी गर्ल्‍स बटालियन एनसीसी मेरठ के कंबाइंड एनुअल ट्रेनिंग कैंप -263 के पांचवे दिन विश्वविद्यालय प्रांगण भारत माता की जय,वीर तुम बढ़े चलो,जय हिंद के नारों से गूंज उठा। अवसर था स्वर्णिम विजय ज्योति के आईआईएमटी विश्वविद्यालय परिसर पहुंचने का जहां आयोजित भव्य कार्यक्रम में स्वर्णिम विजय ज्योति का स्वागत किया गया।
16 दिसंबर 2020 को शाम 4 बजे निकली स्वर्णिम विजय ज्योति उत्तर भारत में परमवीर चक्र और महावीर चक्र से सम्मानित शहीदों व सैनिकों के गांव-गांव घूमते हुए वापस मेरठ छावनी पहुंची है। गुरुवार को आईआईएमटी विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में युवा एनसीसी कैडेट्स ने गार्ड ऑफ ऑनर देते हुए स्वर्णिम विजय ज्योति का भव्य स्वागत किया। कैप्टन अक्षय पांडे व उनकी टीम ने कर्नल पंकज साहनी को स्वर्णिम विजय ज्योति सौंपी। भव्य कार्यक्रम में 22 यूपी गर्ल्स बटालियन के एनसीसी कैडेट व आईआईएमटी यूनिवर्सिटी व एकेडमी के विद्यार्थियों ने देशभक्ति के रंगों से ओतप्रोत रंगारंग प्रस्तुति दी।
आईआईएमटी विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगेश मोहन गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा कि स्वर्णिम विजय ज्योति देश के लिये अपने प्राणों को दांव पर लगाने वाले शूरवीरों के बलिदान और गौरव का प्रतीक है। कुलाधिपति ने अपने ओजस्वी वचनों से सभी को देश के लिये अपना सर्वस्व न्यौछावर करने को प्रेरित किया।
युवा एनसीसी कैडेट्स को संबोधित करते हुए कैंप कमांडेंट कर्नल पंकज साहनी ने कहा की ‘स्वर्णिम विजय ज्योति’ हमारी विजय और शूरवीरों के बलिदान का प्रतीक है। कर्नल पंकज साहनी ने कहा कि वर्ष 1971 की विजय हमारा गौरव है। यह स्वर्णिम विजय ज्योति हमें उसी गौरव का एहसास दिलाती है। आईआईएमटी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.एचएस सिंह ने एनसीसी कैडेट्स का उत्साहवर्धन करते हुए उनके कार्य,लगन व प्रयास की सराहना की।
कार्यक्रम के समापन के क्रम में कैंप कमांडेंट कर्नल पंकज साहनी ने आईआईएमटी विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगेश मोहन गुप्ता व कुलपति प्रो.एचएस सिंह का आभार व्यक्त करते हुए स्वर्णिम विजय ज्योति कैप्टन अक्षय पांडे को सौंपी। कार्यक्रम का ओजस्वी संचालन कैंप एजूडेट कैप्टन डा.अंजुला राजवंशी ने किया। यह स्वर्णिम विजय ज्योति अब दिल्ली की ओर रवाना होगी।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा एमएसएमई फेस्टिव बोनान्जा योजना को शुरू किया

मेरठ: भारत सरकार के एमएसएमई इकाईयों को बढ़ावा देने की नीति को ध्यान में रखते हुए यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा एमएसएमई फेस्टिव बोनान्जा योजना को शुरू किया गया है। इस योजना के अंतर्गत दिए जाने वाले ऋणों पर ब्याज दर के साथ-साथ अन्य शुल्कों में भी कमी की गयी है।
इसी अनुक्रम में यूनियन बैंक ऑफ़ इंडियाए मेरठ क्षेत्रीय कार्यालय के परिसर में एमएसएमई फेस्टिव बोनान्जा – स्पेशल कैंप का शुभारंम्भ किया गया जिसमें क्षेत्र प्रमुख राजेन्द्र कुमार, उपक्षेत्र प्रमुख देवेन्द्र कुमार चौबे, सरल प्रमुख प्रदीप कुमार अवस्थी,विभिन्न शाखाओं के शाखा प्रमुख व अनेक सम्मानित ग्राहक उपस्थित थे जिनके ऋण इस योजना के अंतर्गत स्वीकृत किये गए। कैंप के प्रथम दिन 44.91 करोड़ रूपये के ऋण प्रस्तावों को स्वीकृत किया गया।

मौसम बदलने के साथ स्वास्थ्य का रखें खास ध्यान:डा.हिमांशु शर्मा

बागपत के बिनौली स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों की जांच करते चिकित्सक डा.हिमांशु शर्मा
  • ठंडी चीजों को खाने से परहेज करें सभी लोग
  • अस्पताल में बढ़ रही सर्दी, जुखाम, बुखार व खांसी के मरीजों की संख्या

बागपत। मौसम में आये परिवर्तन के साथ-साथ अस्पतालों में वायरल, सर्दी, जुखाम, बुखार व खांसी के मरीजों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। साथ ही पारा लुढ़कने से त्वचा व सांस के रोगियों की संख्या में भी बढ़ोत्तरी हुई है।
इसको लेकर बिनोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधिकारी डा.हिमांशु शर्मा ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने के लिये कहा है। खासकर उन्होंने हदय एवं दमा रोगियों को एहतियात बरतने की बात कही है। उन्होंने कहा कि सर्दी के समय खून की नलियां सिकुड़ जाती हैं और ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है। ब्लड प्रेशर के बढ़ने से हृदय के रोगियों को काफी दिक्कत होती है। इसलिए सर्दी के मौसम में हृदय रोगियों को काफी सतर्कता बरतनी चाहिए। उन्हें सुबह व शाम के समय अपने घर पर ही रहना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने छोटे बच्चों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गो व दमा रोगियों को भी अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि कान व तलवों के जरिए सर्दी शरीर में पहुंचती है, इसलिए कान व तलवे हमेशा ढक कर रखें। सभी लोग फुल बाजू के कपड़े पहने। अपने शरीर को गर्म रखें तथा ठंडी चीजों से परहेज कर गर्म पेय पदार्थों का ज्यादा इस्तेमाल करें। साथ ही उन्होंने तली, भुनी चीजों से भी दूर रहने की बात कही।

प्रियंका गांधी की प्रतिज्ञा रैली में गए मेरठ से बड़ी संख्या में कांग्रेसी

मेरठ: जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अवनीश काजला के सयोजन में 55 बसों व 40 कारों में जिला कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ता मुरादाबाद में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव प्रियंका गांधी की महाप्रतिज्ञा रैली में सुबह 8 बजे विभिन्न स्थानों से ब्लॉक अध्यक्षों, जिला पदाधिकारियों के नेतृत्व में रवाना हुये।
रवाना होने वालों में प्रवक्ता हरिकिशन अम्बेडकर, महेन्द्र शर्मा, संजय गोयल, राकेश कुशवाहा, देशपाल गुजर्र, आशा राम, सन्दीप चौधरी, राजेन्द्र जाटव, यगवीर सिंह, इकरामुद्दीन अंसारी, युशूफ अंसारी, आतिफ़ मंसुरी, रिहान जकीउद्दीन, लज्जावती कर्दम, इमरान अख्तर, अरविन्द तालियांन, दिनेश उपाध्याय, मनोज चौहान, जगदीश शर्मा, ओमकार शर्मा, रोहित, अरुण शर्मा, सत्यप्रकाश शर्मा, नसीम राजपूत, डा.जुनैद, डा.बबीता गुजर्र, डा.ज़ाहिद वाहिद त्यागी, मनजीत सिंह, हिमांशु शर्मा, शेर मौहम्मद, रुस्तम सैफी, रघु प्रताप, अल्पना त्यागी आदि बहुत से कार्यकर्ता थे।

बसपा सुप्रीमो मायावती ने केशव प्रसाद मौर्य के मथुरा वाले ट्वीट को बताया बीजेपी का आखिरी हथकंडा, जनता से की सावधान रहने की अपील

बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती (फ़ाइल फोटो)
  • मथुरा जिले में आगामी 6 दिसंबर को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट पर है। ऐसे में स्थानीय जिला प्रशासन ने जिले में धारा 144 लागू कर दी है। इस दौरान डीएम नवनीत सिंह चहल, एसएसपी डॉक्टर गौरव ग्रोवर और डीएसपी अभिषेक तिवारी ने श्रीकृष्ण जन्मस्थान,शाही मस्जिद ईदगाह और आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने डिप्टी सीएम केशव मौर्य पर निशाना साधा है। उन्होंने ट्वीट (Tweet) कर कहा कि यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य द्वारा विधानसभा आमचुनाव के नजदीक दिया गया बयान कि अयोध्या और काशी में मंदिर निर्माण जारी है अब मथुरा की तैयारी है। ये बीजेपी के हार की आम धारणा को पुख्ता करता है। इनके इस आखिरी हथकंडे से यानी हिन्दू-मुस्लिम राजनीति से भी जनता सावधान रहे।
वहीं अपने ट्वीट पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या ने सफाई दी है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण हो रहा है, वाराणसी में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर परियोजना पर काम चल रहा है और अब हम मथुरा में कृष्ण जन्मभूमि पर एक मंदिर के निर्माण की प्रतीक्षा कर रहे हैं। बीजेपी के लिए ये चुनावी मुद्दे नहीं हैं।
मथुरा में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
वहीं मथुरा जिले में आगामी 6 दिसंबर को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट पर है। ऐसे में स्थानीय जिला प्रशासन ने जिले में धारा 144 लागू कर दी है। इस दौरान डीएम नवनीत सिंह चहल, एसएसपी डॉक्टर गौरव ग्रोवर और डीएसपी अभिषेक तिवारी ने श्रीकृष्ण जन्मस्थान, शाही मस्जिद ईदगाह और आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। बता दें कि अखिल भारत हिन्दू महासभा द्वारा आगामी 6 दिसंबर को श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर स्थित शाही ईदगाह में घुसकर श्रीकृष्ण के बाल विग्रह पर जलाभिषेक किए जाने की ऐलान किया है।
धारा 144 लागू
इस मामले को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल और एसएसपी डॉक्टर गौरव ग्रोवर ने शनिवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर का मुआयना कर मंदिर और ईदगाह की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इसके साथ ही सभी संबंधित सुरक्षाकर्मियों और पुलिस अधिकारियों को पूरी तरह से सतर्क रहने के निर्देश दिए है। इस दौरान डीएम ने बताया कि 6 दिसंबर और अन्य कई प्राथमिकताओं को लेकर पहले ही 24 नवंबर से 21 जनवरी 2022 तक के लिए निषेधाज्ञा लगा दी गई है, जिसके चलते पूरे जिले में बिना अनुमति 5 या 5 से ज्यादा लोगों को एक साथ खड़ें होने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।

नीतीश सरकार का बड़ा फैसला! सरकारी ऑफिसों में बिना वैक्सीनेशन प्रवेश पर लगी रोक, नए वेरिएंट के मद्देनज़र बढ़ी सख्ती

मुख्यमंत्री ने दिए आदेश (फाइल फोटो)
  • डीएम द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि दुकान एवं प्रतिष्ठान में केवल कोरोना वैक्सीन प्राप्त व्यक्ति को ही काम करने की अनुमति होगी। फिलहाल ये पाबंदियां 1 दिसंबर से 15 दिसंबर तक प्रभावी रूप से लागू रहेंगी।

पटना: बिहार (Bihar) की राजधानी पटना (Patna) में नीतीश सरकार ने ऐलान किया है कि सरकारी ऑफिसों में अगर आप किसी काम से जा रहे हैं और कोरोना वैक्सीन नहीं लिए हैं तो ऐसे में आप पर कार्रवाई हो सकती है। इस दौरान जिला प्रशासन ने ऐसे लोगों को पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। हालांकि जिला प्रशासन ने नए वेरियंट ओमीक्रोन को देखते हुए सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। इसी के मद्देनजर DM ने बुधवार को Covid -19 को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। इसमें कई पाबंदियां लगाई गई हैं। फिलहाल ये पाबंदियां 1 दिसंबर से 15 दिसंबर तक प्रभावी रूप से लागू रहेंगी।
दरअसल, DM द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि दुकान एवं प्रतिष्ठान में केवल कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) प्राप्त व्यक्ति को ही काम करने की अनुमति होगी। इसके साथ ही सभी दुकान संचालकों को अपने यहां काम कर रहे कर्मचारियों को वैक्सीनेशन सुनिश्चित कराना होगा औऱ उसकी लिस्ट भी रखनी होगी, जिससे प्रशासन की जांच में वह दिखा सकें। साथ ही दुकानदारों को अपने यहां कर्मियों और ग्राहकों के लिए सेनेटाइजर की व्यवस्था करनी होगी और दुकानों में ग्राहकों के बीच 2 गज दूरी अनिवार्य है। खड़े होने के लिए गोल घेरा बनाना होगा। इसी तरह कोचिंग संस्थान का संचालन करने वालों को भी वैक्सीन लेने वाले कर्मियों को ही रखने की अनुमति दी गई है।
बस में खड़े होकर यात्रा करने पर लगी रोक
बता दें कि सार्वजनिक परिवहन में तय सीट पर पैसेंजर को बैठाने की अनुमति रहेगी, लेकिन सीट के अतिरिक्त खड़े होकर सफर नहीं कर सकेंगे। हालांकि सभी धार्मिक स्थल सामान्य रूप से खुले रहेंगे। धार्मिक स्थल के प्रबंधन कोरोना गाइडलाइन का पालन करना अनिवार्य है। साथ ही सभी पार्क और उद्यान को खोलने की अनुमति है, लेकिन वहां प्रबंधन को जिम्मेदारी दी गई है कि कोविड-19 के नियमों का पालन जरूर करवाए। जहां कोविड-19 का अनुपालन नहीं होगा उस मंडी को अस्थायी तौर पर बंद कर दिया जाएगा। इस दौरान DM ने साफ तौर पर कहा कि आदेश का उल्लंघन करने पर आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 51-60 व धारा 188 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
बार और रेस्टोरेंट खुले, सिटिंग कैपेसिटी के 50% लोगों को बैठने की अनुमति
गौरतलब है कि सिनेमा हॉल दर्शकों की कुल क्षमता के 50 प्रतिशत के उपयोग के साथ सामान्य रूप से खुलेंगे। ऐसे में सिनेमा हॉल का प्रबंधन सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें व मास्क पहनें। साथ ही सभी शॉपिग मॉल को भी कोविड पालन करना अनिवार्य रहेगा। इसके अलावा जिले में सभी क्लब,जिम,स्वीमिंग पुल कुल क्षमता के 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ खुलेंगे। साथ ही स्टेडियम (इंडोर सहित) और स्पोर्ट्स कांप्लेक्स खोले जाएंगे, लेकिन सुविधाओं का उपयोग केवल वैक्सीन प्राप्त लोग ही ले सकते हैं।
हवाई यात्रा के दौरान RTPCR जांच अनिवार्य
वहीं, हवाई जहाज के यात्रियों की कोरोना जांच कराई जाएगी। इस जांच में वैसे व्यक्ति मुक्त रहेंगे, जिनके पास 72 घंटों के भीतर के RTPCR की निगेटिव जांच रिपोर्ट होगी। ऐसे में हवाई जहाज,रेल,ट्रक एवं अन्य वाहनों के माध्यम से जिला में प्रवेश करने वाले यात्रियों की अनिवार्य रूप से जिला की सीमाओं, रेलवे स्टेशनों एवं हवाई अड्डा पर रैपिड एंटीजन टेस्ट किया जाएगा।

Big News! कोरोना वैक्सीन न लेने वाले 15 दिसंबर से मेट्रो-बस में नहीं कर पाएंगे सफ़र? ये सारे प्रतिबंध झेलने होंगे

कोरोना वैक्सीनेशन न कराने वाले लोगों पर लगेगा प्रतिबंध. (प्रतीकात्मक फोटो)
  • 15 दिसंबर से उन लोगों पर दिल्ली मेट्रो सेवाओं,बसों,सिनेमा हॉल, मॉल,धार्मिक स्थलों, रेस्तरां, स्मारकों, सार्वजनिक पार्कों,सरकारी कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा जिन्होंने अभी तक कोविड वैक्सीन की एक डोज भी नहीं ली है।

नई दिल्ली : दुनिया भर के देश कोरोना के नए वेरिएंट ऑमीक्रोन (Omicron Corona) के खतरे को लेकर तमाम सतर्कता बरत रहे हैं और भारत ने भी क्वारंटीन और RT-PCR टेस्ट अनिवार्य करने जैसे कदम उठाए हैं। इसी बीच कोरोना की तीसरी वेव के खतरे को देखते हुए अरविंद केजरीवाल सरकार ने दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) को एक ऐसा प्रस्ताव दिया है जिसके मुताबिक कोविड वैक्सीन न लेने वाले लोगों पर कई तरह के कड़े प्रतिबंध लगा दिए जाएंगे।
TOI की खबर के मुताबिक इस प्रस्ताव के तहत 15 दिसंबर से उन लोगों पर दिल्ली मेट्रो सेवाओं, बसों, सिनेमा हॉल, मॉल, धार्मिक स्थलों, रेस्तरां, स्मारकों, सार्वजनिक पार्कों, सरकारी कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा जिन्होंने अभी तक कोविड वैक्सीन की एक डोज भी नहीं ली है। इसके अलावा 31 मार्च 2022 से इन सभी जगहों पर उन लोगों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लग जाएगा जिन्होंने उस वक़्त तक कोरोना वैक्सीन की सिर्फ एक डोज ली होगी।

वैक्सीनेशन के लिए लोगों को प्रोत्साहित करें
प्रस्ताव में टीकाकरण कराने वालों को नकद पुरस्कार या छूट जैसे प्रोत्साहन देने का सुझाव दिया गया है। इस तरह के प्रोत्साहन पुरस्कार यूरोपीय देशों ने शुरू किए थे और भारत में भी कई जगह इस तरह के कार्यक्रम किए जा रहे हैं। यूरोप की तरह ही दिल्ली में भी एक वैक्सीन पासपोर्ट प्रणाली बनाने का सुझाव दिया गया है जिसमें बिना टीकाकरण वाले लोगों के लिए सार्वजनिक स्थानों तक पहुंच को सीमित किया जाए।
ऑमीक्रोन के खतरे से बढ़ी चिंता
मुंबई के बाद दिल्ली में कोरोना के नए वेरिएंट ऑमीक्रोन को लेकर सबसे ज्यादा चिंता जाहिर की जा रही है। दिल्ली में ही मुंबई के बाद सबसे ज्यादा विदेशी फ्लाइट्स आती हैं। सोमवार को डीडीएमए की बैठक का फोकस ऑमीक्रोन की वजह से हुई चिंताओं का विश्लेषण करना था, जिसे विश्व स्वास्थ्य संगठन ने बेहद अहम विषय बताया है। दिल्ली सरकार के एक अधिकारी ने बुधवार को बताया कि सार्वजनिक स्थानों पर बिना टीकाकरण वाले लोगों की पहुंच को सीमित करने के प्रस्ताव पर फिलहाल कोई निर्णय नहीं लिया गया है। हालांकि कई अधिकारियों ने इस प्रस्ताव को अपना समर्थन दिया है।
ये प्रतिबंध लागू करना मुश्किल नहीं
दिल्ली सरकार के सूत्रों के मुताबिक इस तरह के प्रतिबंधों को लागू करना मुश्किल नहीं होगा क्योंकि वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट की व्यवस्था देश में पहले से ही लागू है और अयोग्य सेतू एप भी इसके लिया काम में लाया जा सकता है। यदि प्रस्ताव को स्वीकृति मिलती है और इसे लागू किया जाता है, तो लोगों को केवल टीकाकरण प्रमाण पत्र ले जाना होगा और मांगे जाने पर इसे प्रस्तुत करना होगा।’
अक्टूबर में, केरल में अधिकारियों ने बिना टीकाकरण वाले लोगों को शैक्षणिक संस्थानों और हॉस्टलों में प्रवेश करने से रोक दिया था। हालांकि कई लोगों ने इस आदेश को केरल हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। अदालत ने केरल सरकार के आदेश को बरकरार रखते हुए कहा था कि कोरोना वायरस महामारी जैसी परिस्थितियों में जनहित को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

Delhi Air Pollution: दिल्ली में आज भी प्रदूषण से बुरे हालात! 339 दर्ज किया गया AQI, बारिश से राहत के आसार

दिल्ली में आज भी प्रदूषण से बुरे हालात! 339 दर्ज किया गया AQI
  • दिल्ली सरकार ने आदेश जारी कर शहर में आवश्यक सेवाओं में लगे ट्रकों को छोड़कर सभी ट्रकों के प्रवेश पर सात दिसंबर तक प्रतिबंध लगा दिया है। दिल्ली में सिर्फ सीएनजी और इलेक्ट्रिक ट्रकों को प्रवेश की अनुमति होगी। उच्च वायु प्रदूषण के स्तर को देखते हुए राष्ट्रीय राजधानी में कंस्ट्रक्शन गतिविधियों पर अगले आदेश तक प्रतिबंध जारी रहेगा।

नई दिल्ली: दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति में कोई सुधार देखने को नहीं मिल रहा है। आज यानी गुरुवार को भी दिल्ली में वायु गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में बनी हुई है। केंद्र सरकार की एजेंसी सफर (SAFAR) के अनुसार लोधी रोड पर वायु गुणवत्ता सूचकांक 339 दर्ज किया गया है।
वहीं दिल्ली में आज पश्चिमी विक्षोम की वजह से आंशिक बादल छाए रहेंगे और बूंदाबादी हो सकती है। दिल्ली में अधिकतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जा सकता है। पश्चिमी विक्षोभ के कारण हवा की गति धीमी होने के चलते प्रदूषण तत्व जमा होंगे, इससे वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ सकता है।
अगले आदेश तक कंस्ट्रक्शन बंद
पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के वायु गुणवत्ता मॉनिटर SAFAR के अनुसार, 3 दिसंबर से फिर से अनुकूल हवा चलने की उम्मीद है। दिल्ली सरकार ने मंगलवार को एक आदेश जारी कर शहर में आवश्यक सेवाओं में लगे ट्रकों को छोड़कर सभी ट्रकों के प्रवेश पर सात दिसंबर तक प्रतिबंध लगा दिया है। दिल्ली में सीएनजी और इलेक्ट्रिक ट्रकों को प्रवेश की अनुमति होगी। उच्च वायु प्रदूषण के स्तर को देखते हुए राष्ट्रीय राजधानी में कंस्ट्रक्शन गतिविधियों पर अगले आदेश तक प्रतिबंध जारी रहेगा। स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में शारीरिक कक्षाएं फिर से शुरू हो गईं और सरकारी कार्यालय सोमवार से फिर से खुल गए।
एनसीआर में भी हालत गंभीर
दिल्ली एनसीआर में चल रहे सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट का बुधवार को निरीक्षण करने के लिए पर्यावरण मंत्री गोपाल राय पहुंचे। गोपाल राय ने कहा कि कई लोगों ने उन्हें बताया कि सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट का काम चल रहा है। पूरी दिल्ली में कंस्ट्रक्शन बंद होने के बाद भी यहां पर काम चल रहा है। इसे लेकर DPCC की तरफ से CPDW को नोटिस जारी किया गया है।
वहीं एनसीआर के फरीदाबाद (384), गाजियाबाद (387), ग्रेटर नोएडा (358), गुरुग्राम (360) और नोएडा (360) में भी हवा की गति में कमी के साथ हवा की गुणवत्ता में गिरावट दर्ज की गई। बता दें कि शून्य और 50 के बीच एक एक्यूआई ‘अच्छा’, 51 और 100 ‘संतोषजनक’, 101 और 200 ‘मध्यम’, 201 और 300 ‘खराब’, 301 और 400 ‘बहुत’ खराब’, और 401 और 500 ‘गंभीर’ माना जाता है।

5 दिसंबर से देश में नहीं शुरू होंगी अंतरराष्ट्रीय उड़ानें, विशेष यात्री उड़ानों का होगा संचालन

15 दिसंबर से देश में अंतरराष्ट्रीय उड़ानें नहीं शुरू होंगी। केंद्र सरकार ने अपना फैसला पलटा दिया है। पिछले साल 23 मार्च से भारत में अंतरराष्ट्रीय उड़ानें निलंबित हैं। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन फिलहाल पहले के तरह ही किए जाने की संभावना है।

नई दिल्ली: देश में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन अभी फिलहाल पहले के तरह ही किया जाएगा। बीते दिनों नागरिक उड्डयन मंत्रालय के तरफ से जारी एक बयान में कहा गया था कि दिसंबर के तीसरे हफ्ते यानी 15 दिसंबर से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें फिर शुरू की जा सकती है। लेकिन इस मुद्दे पर कोई फैसला नहीं लिया जा सका है। देश में पिछले साल 23 मार्च से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें निलंबित हैं। गौरतलब है कि भारत से करीब 28 देशों के साथ एयर बबल व्यवस्था के तहत पिछले साल जुलाई से विशेष अंतरराष्ट्रीय यात्री उड़ानों का संचालन किया जा रहा है।
अभी नहीं शुरू होंगी उड़ानें
बीते शुक्रवार नागरिक उड्डयन मंत्रालय के तरफ से जारी एक बयान में कहा गया था कि कमर्शियल अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को फिर से शुरू करने के मुद्दे पर गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय और स्वास्थ्य-परिवार कल्याण मंत्रालय ने सहमति जताई है। जिसके बाद संभावना जताई जा रही थी कि 15 दिसंबर से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन शुरू हो सकता है। लेकिन फिलहाल इस मामले में परिस्थितियां, मौजूदा व्यवस्था के अनुसार ही बने रहने की संभावना है। साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संबंधित मंत्रालय और अधिकारियों से इस विषय पर समीक्षा करने के लिए कहा था।
‘प्रोएक्टिव’ रहने की जरूरत
एक बैठक के दौरान पीएम मोदी ने कोरोना के मुद्दे पर ‘प्रोएक्टिव’ रहने की जरूरत जताई थी। साथ ही सभी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की निगरानी और निर्देशों के मुताबिक, यात्रियों की जांच पर जोर दिया था।
क्या है एयर बबल व्यवस्था
“एयर बबल” या “हवाई यात्रा व्यवस्था” दो देशों के बीच अस्थायी व्यवस्था है। जिसका मकसद कर्मिशियल अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को फिर से शुरू करना है। जिस वक्त कोविड-19 महामारी के चलते नियमित अंतरराष्ट्रीय उड़ाने निलंबित हैं। ऐसे में व्यवस्था के तहत दोनों देशों की एयरलाइन सेवाओं को बराबर फायदा पहुंचाने के लिए यह इंतजाम किया गया है।

सीएमओ ऑफिस में स्वास्थ्य कर्मचारियों ने किया धरना प्रदर्शन

  • 1 लाख एनएचएम संविदा कर्मचारियों का शब्दों की लंबित 7 सुत्रियों जायज हेतु ज्ञापन प्रेषण के संबंध में हड़ताल

कासगंज: स्वास्थ्य कर्मियों का कहना है कि पिछले 2 वर्षों कोविड-19 जैसी वैश्विक महामारी व कोविड टीकाकरण जैसे महत्वपूर्ण कार्य में निरंतर अपनी सेवा प्रदान कर पूर्ण योगदान दे रहे हैं जिसके दौरान संविदा कर्मचारियों से प्रत्येक राजकीय अवकाशों व साप्ताहिक अवकाशों में भी लगातार विभागीय कार्य लिया जा रहा है।
26 जुलाई 2021 को संगठन प्रतिनिधिमंडल से अपर मुख्य सचिव चिकित्सा अधिकारी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण से हुई वार्ता के दौरान 3 मांगों को पूरा किए जाने की सहमति प्रदान किए जाने के उपरांत भी कोई कार्रवाई न होने से प्रदेश के संविदा कर्मचारियों में काफी रोष व्याप्त है जिसके कारण स्वास्थ्य कर्मियों ने हड़ताल की है। सीएमओ ऑफिस में 100 से ज़्यादा लोगों ने धरना प्रदर्शन किया।

माता महालक्ष्मी जन आशीर्वाद यात्रा 2 को बागपत में

बागपत के टटीरी में माता महालक्ष्मी जन आशीर्वाद यात्रा को लेकर बैठक करते अग्रवाल समाज के लोग

बागपत।अग्रवाल मंडी टटीरी में आयोजित बैठक मे अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अभिमन्यु गुप्ता ने बताया अग्र विभूति स्मारक अग्रोहा धाम से चलकर माता महालक्ष्मी जन आशीर्वाद यात्रा 1 दिसंबर को मुजफ्फरनगर से प्रारंभ होकर शामली, बुढाना होते हुए 2 दिसंबर को दोपहर 2 बजे पंचवटी धर्मशाला बड़ौत में पहुंचेगी।
वहां से नगर भ्रमण करते हुए शाम को 5 बजे बागपत के लिए प्रस्थान करेगी। पूर्व चेयरमैन रोहताश गुप्ता के पेट्रोल पंप से प्रारंभ होकर नगर का भ्रमण करते हुए अग्रसेन भवन बागपत में विश्राम करेगी। वहां से 3 दिसंबर को सुबह 10 बजे चलकर ठाकुरद्वारा मंदिर अग्रवाल मंडी टटीरी पहुंचेगी। तदुपरांत 12 बजे शिव मंदिर अमीनगर सराय के लिए प्रस्थान करेगी। दोपहर को 2 बजे गाजियाबाद के लिए प्रस्थान करेगी। इस मौके पर राकेश मोहन गर्ग, पंकज गुप्ता, हंसराज गुप्ता, संजय गर्ग आदि मौजूद थे।

विकलांग अधिकार महासम्मेलन का हुआ आयोजन

मेरठ: मंगलवार को विकलांग अधिकार महा सम्मेलन का आयोजन कमिश्नरी पार्क मेरठ में हुआ। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में पंडित आदेश फौजी रहे। यह कार्यक्रम अमित शर्मा के द्वारा समस्त प्रदेश के विकलांगजनों के नेतृत्व में कराया गया। इस कार्यक्रम में समस्त विकलांग जनों ने एकत्र होकर अपनी मूलभूत होने वाली समस्याओं को लेकर प्रदेश सरकार से मांग की। इन मांगों में मुख्य मांग निम्न प्रकार से हैं:-

  • विकलांग आयोग का गठन हो,जिसमें विकलांगों को प्राथमिकता के आधार पर कार्य मिले।
  • विकलांगों को प्राइमरी स्कूल से लेकर उच्च शिक्षा निशुल्क की जाए।
  • विकलांग जनों की भर्ती विकलांग आयोग के बैकलॉग रिक्तियों की भर्तियां एक निर्धारित बोर्ड के माध्यम से भर्ती की जाए।
  • विकलांगों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए उनको दुकानों का संचालन किया जाए या व्यवसाय चलाने के लिए एक लाख से दस लाख तक का बैंक ऋण कम से कम दर पर उपलब्ध किया जाए।
  • विकलांगों की पेंशन कम से कम ₹ पाँच हज़ार प्रति माह की जाए एवं यूडी आईडी कार्ड को आयुष्मान कार्ड की तर्ज पर कम से कम पाँच लाख का बीमा विकलांग एवं विकलांग के परिवार को चिकित्सा हेतु निशुल्क लागू किया जाए ।

प्रदेश सरकार विकलांगों की समस्याओं पर जल्द से जल्द विचार कर उनका निस्तारण करें। इस अवसर पर सभी ने अपने अपने विचार प्रदेश सरकार तक पहुंचाने के लिए रखें। इसमें अध्यक्ष अमित शर्मा, संजय तोमर, सुनील कुमार, पवन कुमार, नरेंद्र शर्मा, जितेंद्र नागर, जावेद, मैनुद्दीन जोहरा जैनम, हरि ओम, सतेंदर वर्मा, गौतम तोमर, कुंवरपाल एवं सैकड़ों की तादाद में लोग मौजूद रहे।

नेहरु युवा केंद्र ने किया युवा मंडल विकास कार्यक्रम का आयोजन

बागपत में नेहरू युवा केंद्र के युवाओं को आगामी कार्यक्रमों की जानकारी देते युवा केंद्र के पदाधिकारी

बागपत। युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार के अधीनस्थ स्वायत्तशासी निकाय नेहरु युवा केंद्र बागपत द्वारा डीएम डा.राजकमल यादव के मार्गदर्शन एवं जिला युवा अधिकारी अरुण तिवारी के निर्देशन में विकास खंड बागपत में युवा मंडल विकास कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अभियान के बारे में जानकारी देते हुए जिला युवा अधिकारी अरुण तिवारी ने बताया कि अभियान के अंतर्गत नेहरु युवा केंद्र के स्वयंसेवकों की ग्राम प्रधानों एवं अन्य प्रभावशाली लोगों से मिलकर युवाओं की सहभागिता से गांवों में युवा मंडल के गठन की प्रक्रिया संपन्न की है। इस प्रकार गठित युवा मंडल डीएम के निर्देशन में बागपत खेल विकास अभियान के अंतर्गत विकसित किये जा रहे खेल मैदानों के रख रखाव के साथ–साथ केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए चलायी जा रही विभिन्न योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने में सहयोग करेंगे। युवा मंडलों के सदस्य के रूप में सम्मिलित युवाओं के कौशल प्रशिक्षण एवं व्यक्तित्व विकास के साथ-साथ उन्हें युवाओं के विकास हेतु सरकार द्वारा चलायी जा रही योजनाओं से लाभार्थी के रूप में जोड़ा जायेगा।

स्पोर्टस एंड फिटनेस एकेडमी में लगेगा वुशु कैंप

बागपत के कस्बा खेकड़ा में वुशु कैंप के लिए प्रैक्टिस करते खिलाड़ी

बागपत। कस्बा खेकड़ा स्थित स्पोर्ट्स एंड फ़िटनेस एकेडमी में वुशु के तत्वधान में आगामी 2 दिसंबर से 5 दिसंबर तक कैंप लगाया जाएगा। इसके लिए खिलाड़ियों ने प्रैक्टिस शुरू कर दी है।
एकेडेमी के अध्यक्ष नीरज रंगा,सचिव अंकित तोमर व उपाध्यक्ष आंचल रामनारायण ने बताया कि कैम्प के लिए पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एक दिसम्बर तक एकेडमी पर वुशू कैम्प के लिए रजिस्ट्रेशन कराये जा सकते है। कैम्प में प्रशिक्षण के लिए बागपत वुशू संघ के सचिव राज विपिन जोशिया व उनके अन्य सदस्य सम्मिलित रहेंगे और प्रतिभागियों को सरकार के अंतर्गत होने वाले खेलों के बारे में जानकारी देंगे। उन्हें खेलों में प्रतिभाग करने के लिए एक प्लेटफॉर्म तक पहुंचने में उनका सहयोग करेंगे। बताया कि एकेडमी पर आए दिन खिलाड़ियों को प्रशिक्षण दिया जाता है और समय- समय पर बालिका वर्ग के लिए निशुल्क आत्मरक्षा शिविर लगाए जाते हैं, जिससे बालिका वर्ग अपने साथ होने वाली घटनाओं से अपना बचाव कर सके।

कोरोना के नये वेरिंएट से निपटने के लिये स्वास्थ्य विभाग तैयार

  • दवा व ऑक्सीजन की नहीं होगी कोई कमी : सीएमओ
  • सरकारी व निजी चिकित्सालयों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश

मेरठ। कोरोना के नए वेरिएंट से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने पूरी तैयारी कर ली है। जिले के सभी कोविड अस्पताल, जिला अस्पताल, लाला लाजपत राय मेडिकल कालेज समेत निजी मेडिकल कॉलेजों को तैयार रहने के निर्देश दिये गये हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डा.अखिलेश मोहन ने बताया जिले में किसी भी स्थिति में ऑक्सीजन की कमी न आए इसके लिए पहले से ही व्यवस्था की जा चुकी है। मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल, कैंट हॉस्पिटल सहित शहर के सभी बड़े निजी चिकित्सालयों में लिक्विड ऑक्सीजन के प्लांट संचालित हैं। कोविड के इलाज की सभी सुविधाओं के साथ चिकित्सालयों में दवा इंजेक्शन का स्टॉक करना शुरू कर दिया गया है। किसी भी सूरत में कोविड मरीजों के इलाज में दवा की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डा.अखिलेश मोहन

माइक्रोबॉयोलाजी विभाग के अध्यक्ष डा.अमित गर्ग ने बताया कोरोना के 15 हजार सैंपल की जांच एक दिन में करने की सुविधा मेडिकल कॉलेज के माइक्रोबॉयोलॉजी विभाग की लैब में है। अभी साउथ अफ्रीका में कुछ मरीजों में कोरोना का नया वेरिएंट मिला है। फिलहाल जनपद में ऐसी कोई स्थिति नहीं है। लेकिन फिर भी लैब में कोरोना की जांच की पूरी सुविधा उपलब्ध है।
तेजी से फैलने वाला है नया वेरिएंट
मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डा.अशोक तालियान का कहना है कोरोना का नया वेरिएंट तेजी से फैलने वाला है। बहुत ही कम समय में कई देशों में यह फैल चुका है। इससे बचाव के लिए लोगों को अभी से अलर्ट रहना होगा। लोग कोविड नियमों का पालन करते रहें। बिना वजह भीड़ वाले इलाकों में न जाएं। मास्क, साफ-सफाई का विशेष ख्याल रखें। किसी के परिवार में कोई देश-विदेश से आता है तो इसकी सूचना तत्काल स्वास्थ्य विभाग को दें।
जिले में पांच हजार बेड की सुविधा
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा.अखिलेश मोहन ने बताया सरकारी, निजी मेडिकल कॉलेज समेत जिले में कोविड के पांच हजार मरीजों को भर्ती करने की सुविधा है। इसके अलावा इलाज के लिए चिकित्सक, पैरामेडिकल समेत स्टाफ नर्स पर्याप्त संख्या में हैं। अधिकांश अस्पताल में लिक्विड ऑक्सीजन के प्लांट लग चुके हैं। ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है।
बच्चों के लिए 110 बेड का वार्ड
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डा.आर सी गुप्ता ने बताया मेडिकल कालेज में 110 बेड का बच्चों का कोरोना वार्ड तैयार है । इसके अलावा अन्य मरीजों के लिए चार सौ बेड की सुविधा अस्पताल में उपलब्ध है। पहली और दूसरी लहर में सबसे ज्यादा मरीजों का इलाज मेडिकल के कोविड अस्पताल में किया गया। कोविड की दवा व इंजेक्शन का भरपूर स्टॉक भी है। सभी स्टाफ, चिकित्सकों को अलर्ट कर दिया है।

Omicron का खतरा बढ़ा, उड़ानें बंद करने में देरी पर केजरीवाल ने केंद्र से पूछा सवाल

Omicron Covid-19 New Variant: कोरोना वायरस के नए वैरिएंट से पूरी दुनिया दहशत है। भारत में कोरोना की दूसरी लहर अभी ठीक से थमी नहीं है और नए वैरिएंट का खतरा मंडरा रहा है।
नई दिल्ली: कोरोना वायरस के नए वैरिएंट Omicron के खतरे को देखते हुए देशभर में सतर्कता बरती जा रही है। केंद्र सरकार की एडवाजरी के बाद राज्य सरकारों ने विदेशों से आने वाले लोगों की निगरानी बढ़ा दी है। पंजाब में 11 देशों से आने वाले यात्रियों की निगरानी हो रही है। वहीं महाराष्ट्र में भी दक्षिण अफ्रीका से लौटे करीब 1 हजार लोगों की तलाश की जा रही है। इस बीच दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने अस्पतालों की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक बुलाई है। साथ ही सीएम केजरीवाल ने एक बार फिर केंद्र सरकार से सभी इंटरनेशनल उड़ानों को बंद करने की अपील की है।
सीएम केजरीवाल का ट्वीट
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, ‘कई देशों ने Omicron प्रभावित देशों से आने वाली उड़ानें बंद कर दी हैं। हम देरी क्यों कर रहे हैं? पहली वेव में भी हमने विदेशी उड़ानें रोकने में देरी कर दी थी। अधिकतर विदेशी उड़ानें दिल्ली में आती हैं, दिल्ली सबसे ज्यादा प्रभावित होती है। PM साहिब कृपया उड़ानें तुरंत बंद करें। ‘
Omicron के संदिग्ध केस से बढ़ी चिंता
इस बीच भारत ने अफ्रीकी देशों को दवाएं, टेस्ट किट और वेंटिलेटर की आपूर्ति करने की पेशकश की है। दक्षिण अफ्रीका से कर्नाटक के बेंगलुरु लौटे दो लोगों की कोरोना रिपोर्ट पर कर्नाटक सरकार सरकार ने कहा कि दोनों लोगों में से एक का वैरिएंट डेल्टा से अलग है। कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर के सुधाकर ने कहा कि एक सैंपल डेल्टा वैरिएंट पाया गया है, जबकि दूसरा उससे अलग है। पूरे मामले पर कर्नाटक सरकार ICMR और केंद्र सरकार के अधिकारियों के संपर्क में है और ICMR से पुष्टि का इंतजार कर रही है।
मौजूद वैक्सीन Omicron के खिलाफ असरदार है या नहीं
बॉयोटेक कंपनी मॉडर्ना का कहना है कि कोरोना के Omicron वैरिएंट के खिलाफ कंपनी 2022 तक अपनी वैक्सीन ला सकती है। मॉडर्ना के मुख्य मेडिकल अधिकारी डॉक्टर Paul Burton ने कहा कि अगले कुछ दिन में ये पता चल जाएगा कि फिलहाल मौजूद कोविड वैक्सीन Omicron वैरिएंट के खिलाफ असरदार है या नहीं, जिसके बाद नई वैक्सीन पर काम किया जाएगा।
बता दें कि कोविड-19 के नए Omicron वैरिएंट की जानकारी सबसे पहले साउथ अफ्रीका में हुई। तब से इस वैरिएंट के मामले नीदरलैंड, ब्रिटेन, ऑस्‍ट्रेलिया और डेनमार्क समेत 17 देशों में पाए जा चुके हैं।

विदेश से आने वाले यात्रियों के लिए बनेगा अलग अस्पताल, नए वेरिएंट के खतरे के बीच योगी सरकार ने दिखाई सख्ती

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों के आइसोलेशन के लिए जिलों में अलग से एक कोविड अस्पताल बनाए जाने का निर्देश दिया गया है।
लखनऊ: कोरोना के नए वेरिएंट को लेकर यूपी में स्वास्थ्य सेवाएं अलर्ट कर दी गई हैं। खासकर, विदेश से आने वाले यात्रियों का आरटीपीसीआर टेस्ट अनिवार्य कर दिया गया है। अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों को लेकर सभी जिलों को आदेश जारी कर जरूरी तैयारियों करने के निर्देश दिए गए हैं। एयरपोर्ट वाले जिलों में एक कोविड अस्पताल को खासतौर से इन अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों के आइसोलेशन सेंटर के रूप में तैयार करने को कहा गया है।
डीजी हेल्थ डा. वेद व्रत सिंह ने कहा कि अभी तात्कालिक तौर पर यूरोप समेत 10 देशों से आने वाले यात्रियों का आरटीपीसीआर अनिवार्य किया गया है। यह बोट स्वाना, दक्षिण अफ्रीका, हांगकांग, ब्राजील, बांग्लादेश, चीन, मॉरीशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, बेल्जियम हैं। यहां से आने वाले यात्री टेस्ट में निगेटिव होने पर भी 10 दिन होम आइसोलेशन में रहेंगे। इनकी कोविड कंट्रोल रूम से निगरानी होगी। लक्षण होने पर दोबारा जांच की जाएगी। वहीं, पॉजिटिव मिलने पर जीन सिक्वेंसिंग टेस्ट भी किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव ने दिए निर्देश
कोविड के नए वेरिएंट को लेकर शुक्रवार को केंद्र से प्राप्त नए दिशा-निर्देशों के क्रम में राज्य सरकार ने सोमवार को भी सभी जिलों को आदेश जारी किया है। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद ने सोमवार को देर शाम सभी मंडलायुक्त, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के मंडलीय अपर निदेशक, सभी डीएम और सीएमओ को भेजे पत्र में जोखिम की श्रेणी में शामिल देशों को लेकर खास चौकसी के निर्देश दिए हैं। एयरपोर्ट वाले जिलों में एक कोविड अस्पताल को खासतौर से इन अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों के आइसोलेशन सेंटर के रूप में तैयार किया जाएगा।
जीव-जन्तुओं के अस्तित्व के साथ खिलवाड़ बनेगा भीषण संकट का कारण: सीएम योगी
इधर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को कहा कि मनुष्य यदि अपने अस्तित्व को बचाने के लिए शेष जीव-जन्तुओं के अस्तित्व के साथ खिलवाड़ करेगा, तो यह खिलवाड़ एक दिन उसी के लिए भीषण संकट का कारण बनेगा, इसलिए जीव-जंतुओं के साथ-साथ पर्यावरण की रक्षा करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व होना चाहिए।