बागपत। अग्रवाल मंडी टटीरी में नीरज राजपूत के आवास पर दिल्ली- देहरादून एक्सप्रेस हाईवे से प्रभावित किसानों की एक बैठक हुई।
इसमें मनोज आर्य एडवोकेट एवं सहेंद्र कुमार बिजरोल ने कहा कि किसानों को एकजुट होकर लड़ाई लड़नी होगी। कहा कि कोई भी किसान अभी मुआवजा ना उठाएं। आजाद सिंह राठी गांगनोली ने कहा कि इसको लेकर जल्द ही समिति का गठन किया जाएगा। इसमें प्रत्येक गांव से पांच व्यक्ति समिति में लिए जाएंगे। संचालन नीरज राजपूत ने किया। बैठक में यशपाल प्रधान बिजरोल,सतीश,सुभाष,बॉबी,सोराज सिंह,नीरज कुमार,रणवीर सिंह,पवन कुमार,बिट्टू,विनोद कुमार,पहलाद सिंह,राकेश कुमार,छोटेलाल,संजय कुमार,नवीन कुमार,करतार सिंह,राजेंद्र सिंह आदि उपस्थित रहे।
बागपत। गढ़ी कलंजरी गांव में सातवीं सरदार वल्लभ भाई पटेल कबड्डी,दौड़ व भाला फेंक प्रतियोगिता हुई।
इस मौके पर भाजपा वरिष्ठ नेता एवं जिला पंचायत सदस्य मनुपाल बंसल अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। उनका यहां पहुंचने पर कार्यक्रम के आयोजकों ने फूल मालाओं के साथ भव्य स्वागत किया। इसके अलावा उन्होंने भाजपा किसान मोर्चा द्वारा चलाए जा रहे हैं ग्राम चौपाल अभियान के अंतर्गत हिम्मतपुर सुजती,भगवानपुर नांगल,दोघट,पुषार आदि गांवों का दौरा किया और किसानों के बीच बैठकर भाजपा द्वारा किसानों के हित में किए जा रहे कार्यों से अवगत कराया। इस दौरान उन्होंने किसानों की समस्याएं भी सुनी और उनका जल्द से जल्द निस्तारण कराये जाने का आश्वासन दिया।
उनके साथ भाजपा किसान मोर्चा के जिला मंत्री दीपक प्रधान,बागपत नगर मंडल अध्यक्ष अमरदीप प्रधान,किशनपुर बिराल मंडल अध्यक्ष हरपाल राठी,दोघट मंडल उपाध्यक्ष किसान मोर्चा संजीव,कार्यालय प्रभारी विनय व सोशल मीडिया प्रभारी प्रिंस आदि मौजूद थे।
लौहपुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयन्ती “राष्ट्रीय एकता दिवस” वेंक्टेश्वरा में एकता दौड़,निबन्ध व पोस्टर प्रतियोगिता,मैत्री क्रिकेट मैच,एकता रैली समेत आधा दर्जन से अधिक कार्यक्रमों का आयोजन
आजाद भारत की अलग-अलग बटी हुई 562 रियासतो को “एक राष्ट्र-एक ध्वज” तिरंगे के नीचे एकीकृत करने का वैश्विक कारनामा लौहपुरूष के अलावा कोई कर ही नहीं सकता था:डा.राजीव त्यागी
सरदार पटेल की दृढ़ता, अनुशासन एवं उनका चरित्र अनुकरणीय: प्रो.पी.के.भारती, कुलपति
मेरठ। वेंक्टेश्वरा संस्थान में आजाद भारत के पहले गृहमंत्री लौहपुरूष भारत रत्न सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयन्ती पर मैत्री क्रिकेट मैच,निबन्ध एवं पोस्टर प्रतियोगिता एकता रैली/दौड़ “अखण्ड भारत” विषय पर सेमीनार समेत आधा दर्जन से अधिक कार्यक्रमों का अयोजन किया गया। इसके साथ ही विभिन्न प्रतियोगिताओ के विजेताओ को संस्थान प्रबन्धन ने सर्टिफिकेट एवं स्मृति चिन्ह भेट कर सम्मानित किया। वेंक्टेश्वरा संस्थान के पटेल सभागार में राष्ट्रीय एकता दिवस पर आयोजित समारोह का शुभारम्भ समूह चेयरमैन डा.सुधीर गिरि,प्रतिकुलाधिपति डा.राजीव त्यागी,कुलपति प्रो.पी.के.भारती,कुलसचिव डा.पीयूष पाण्डे,निदेशक विम्स बिग्रेडियर सतीश अग्रवाल,परिसर निदेशक डा.प्रभात श्रीवास्तव आदि ने सरस्वती मां की प्रतिमा के सन्मुख दीप प्रज्जवलित करके किया।
आजादी की जंग मे सरदार पटेल से महान उनके समकालीन दूसरा कोई नहीं:डा.सुधीर गिरि, चेयरमैन
अपने सम्बोधन में समूह चेयरमैन डा.सुधीर गिरि ने कहा कि बाते चाहे आजादी की जंग की हो या आजाद भारत की, लौहपुरूष सरदार पटेल ने जहां आजादी के लिए अंग्रेजो को खदेड़ने का काम किया, वही दूसरी ओर 562 टुकड़ों में बंटे देश को एकीकृत कर तिरंगे के नीचे लाकर खड़ा कर दिया। उनकी दृढ़ निश्चयता,अनुशासन एवं चरित्र उन्हे सबसे महान एवं सर्वश्रेष्ठ बनाता है। प्रतिकुलाधिपति डा.राजीव त्यागी ने कहा कि यदि भारत का युवा सरदार पटेल के आदर्शो को आत्मसात कर ले,तो भारत को फिर से विश्व गुरू बनने से कोई नहीं रोक सकता। आज तक हम सभी उनके आदर्शों एंव सिद्धान्तो पर चलने की शपथ एवं संकल्प लेते है। अखण्ड भारत सेमीनार को कुलपति डा.पी.के.भारती, कुलसचिव डा.पीयूष पाण्डे,निदेशक विम्स बिग्रेडियर डा.सतीश अग्रवाल,परिसर निदेशक प्रभात श्रीवास्तव आदि ने भी सम्बोधित किया। इसके बाद आयोजित दस ओवर के मैत्री क्रिकेट मैच,एकता दौड़,निबन्ध व पोस्टर प्रतियोगिता के विजेताओं को संस्थान प्रबन्धन ने सर्टिफिकेट व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा.एन.के.कालिया, निदेशक एडमिशन अलका सिंह, विम्स सलाहकार डा.आर.एन.सिंह,डा.एना ऐरिक ब्राउन,विकास कौशिक,अरूण गोस्वामी,डा.संजय तिवारी,प्रदीप कुमार,डा.अनिल जयसवाल,संदीप भान,विपुल त्यागी,अभिनव राणा,विश्वास त्यागी,मीडिया प्रभारी,विश्वास राणा आदि लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शानदार संचालन अंजलि शर्मा ने किया।
पीएम मोदी ने कहा कि सरदार साहब हमारे देश को एक शरीर के रूप में देखते थे, एक जीवंत इकाई के रूप में देखते थे। इसलिए, उनके ‘एक भारत’ का मतलब ये भी था, कि जिसमें हर किसी के लिए एक समान अवसर हों, एक समान सपने देखने का अधिकार हो।
नई दिल्ली: सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने स्टैचू ऑफ यूनिटी पर आयोजित एकता परेड को वीडियो संदेश के जरिए संबोधित किया। इस दौरान प्रधानमंत्री ने देशवासियों राष्ट्रीय एकता दिवस की बधाई दी। इस दौरान उन्होंने सरदार पटेल को याद किया।
पीएम मोदी ने कहा कि आजाद भारत के निर्माण में सबका प्रयास जितना तब प्रासंगिक था, उससे कहीं अधिक आजादी के इस अमृतकाल में होने वाला है। आजादी का ये अमृतकाल, विकास की अभूतपूर्व गति का है, कठिन लक्ष्यों को हासिल करने का है। ये अमृतकाल सरदार साहब के सपनों के भारत के नवनिर्माण का है। सशक्त भारत चाहते थे सरदार पटेल: PM मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि सरदार पटेल हमेशा चाहते थे कि, भारत सशक्त हो, समावेशी भी हो, संवेदनशील हो और सतर्क भी हो, विनम्र हो, विकसित भी हो। उन्होंने देशहित को हमेशा सर्वोपरि रखा। आज उनकी प्रेरणा से भारत, बाहरी और आंतरिक, हर प्रकार की चुनौतियों से निपटने में पूरी तरह से सक्षम हो रहा है।
उन्होंने कहा कि आज से कई दशक पहले, उस दौर में भी, उनके आंदोलनों की ताकत ये होती थी कि उनमें महिला-पुरुष, हर वर्ग, हर पंथ की सामूहिक ऊर्जा लगती थी। आज जब हम एक भारत की बात करते हैं तो उस एक भारत का स्वरूप क्या होना चाहिए? – एक ऐसा भारत जिसकी महिलाओं के पास एक से अवसर हों।
सरकार के साथ-साथ समाज की गतिशक्ति भी जुड़ जाए तो, बड़े से बड़े संकल्पों की सिद्धि कठिन नहीं है और इसलिए, आज ज़रूरी है कि जब भी हम कोई काम करें तो ये ज़रूर सोचें कि उसका हमारे व्यापक राष्ट्रीय लक्ष्यों पर क्या असर पड़ेगा।
अगले सप्ताह दिवाली है और सरकार ने आदेश दिया है कि 1 नवंबर तक सभी कर्मचारियों का वेतन उनके खाते में आ जाए। सरकार ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं। योगी सरकार के इस फैसले से प्रदेश के लाखों कर्मचारियों और पेंशनरों को फायदा होगा।
लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने दिवाली पर राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनरों को बोनस देने की घोषणा की। प्रदेश सरकार के इस फैसले से कर्मचारी खुश हैं और कहा जा रहा है कि 1 नवंबर तक सभी कर्मचारियों और पेंशनर्स के खाते में पैसा आ जाएगा। लेकिन कुछ ऐसे भी कर्मचारी हैं। जिन्हें राज्य सरकार के घोषित बोनस का लाभ मिलेगा। बोनस के लिए सरकार के कुछ नियम है और जिन कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय जांच चल रही है। उन कर्मचारियों को बोनस का लाभ नहीं मिलेगा।
अगले सप्ताह दिवाली है और सरकार ने आदेश दिया है कि 1 नवंबर तक सभी कर्मचारियों का वेतन उनके खाते में आ जाए। सरकार ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं। योगी सरकार के इस फैसले से प्रदेश के लाखों कर्मचारियों और पेंशनरों को फायदा होगा। हालांकि बोनस के लिए सरकारी नियम हैं और जो इन नियमों के तहत आएंगे, उन्हें बोनस का लाभ मिलेगा। राज्य रकार के नियमों के अनुसार जो कर्मचारी 31 मार्च 2021 तक अपनी सेवा का कम से कम एक वर्ष पूरा कर चुके हैं, उन्हें बोनस का लाभ मिलेगा।
इन कर्मचारियों को मिलेगा बोनस
ऐसे कर्मचारी जिन्होंने अपनी सेवा का 31 मार्च 2021 को एक साल पूरा कर लिया है। उन्हें बोनस दिया जाएगा।
सरकारी विभागों में दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी जिन्होंने 31 मार्च 2021 तक 3 साल या उससे अधिक समय की सेवा अवधि पूरी कर ली है।
इसके साथ ही पेंशनरों को भी इसका लाभ मिलेगा और बोनस 31 मार्च 2021 के बाद सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को दिया जाएगा और ये बोनस उनके एकाउंट में जाएगा।
इन कर्मचारियों को नहीं मिलेगा बोनस
ऐसे कर्मचारी जिनके खिलाफ विभागीय स्तर पर कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई चल रही है या जिनके खिलाफ किसी भी अदालत में कोई मामला लंबित है। उन्हें राज्य सरकार के बोनस का लाभ नहीं मिलेगा।
इसके अलावा ऐसे कर्मचारी जिन्हें 2021-22 में किसी अनुशासनात्मक कार्रवाई या आपराधिक मामले में सजा हुई है।
कर्मचारियों को कितना मिलेगा बोनस
जानकारी के अनुसार बता दें कि इस महीने के वेतन में आने वाले बोनस का 75 प्रतिशत ईपीएफ खाते में और 25 प्रतिशत नकद कर्मचारी को दिया जाए। वहीं अगर कर्मचारी के पास ईपीएफ खाता नहीं है तो यह राशि नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (एनएससी) या पब्लिक प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ) में जमा की जाएगी। जबकि 31 मार्च 2021 के बाद सेवानिवृत्त होने वाले और 30 अप्रैल 2022 को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को बोनस की पूरी राशि नकद रूप में दी जाएगी।
अमित शाह ने कहा कि 2001 में, बीजेपी ने फैसला किया कि नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री बनेंगे। यह एक दुर्लभ अवसर था,क्योंकि उन्हें तब तक प्रशासन चलाने का कोई वास्तविक अनुभव नहीं था।
नई दिल्ली :दिल्ली में लोकतंत्र को लेकर तीन दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया है। इस अवसर पर गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि भारत की आजादी को 75 वर्ष हो गए हैं। जब हम आजाद हुए, हमारे देश की संविधान सभा बनी, संविधान सभा ने मल्टी पार्टी डेमोक्रेटिक सिस्टम को स्वीकार किया। बहुत सोच समझकर स्वीकार किया था जो उचित फैसला था। उन्होंने कहा कि इतना बड़ा देश, इतनी विविधताओं वाला देश, किसी व्यक्ति के आधार पर चुन कर नहीं आना चाहिए। मल्टी पार्टी डेमोक्रेटिक सिस्टम होना चाहिए, हर पार्टी की एक आईडियोलॉजी होनी चाहिए। शाह ने कहा कि हमारी पहचान काम के आधार पर हो। पीएम मोदी को मुझसे बेहतर देश की जनता जानती है।
शाह ने कहा कि साल 2014 आते-आते देश में राम-राज की परिकल्पना ध्वस्त हो चुकी थी। जनता के मन में ये आशंका थी कि कहीं हमारी बहुपक्षीय लोकतांत्रिक संसदीय व्यवस्था फेल तो नहीं हो गई। लेकिन देश की जनता ने धैर्य से फैसला देते हुए पीएम नरेन्द्र मोदी जी को पूर्ण बहुमत के साथ देश का शासन सौंपा। मोदी जब गुजरात के मुख्यमंत्री बने तब उन्होंने कई सारे बदलाव लाने का प्रयास किया। बहुत सारे कार्य उन्होंने गुजरात में किए। रिफॉर्म्स, पारदर्शिता पर उन्होंने काम किए। उन्होंने वहां सर्व स्पर्शी और सर्व समावेशक विकास की शुरुआत की। जब मोदी गुजरात के सीएम बनें तो राज्य में 67% नामांकन
अमित शाह ने कहा कि 2001 में, बीजेपी ने फैसला किया कि नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री बनेंगे। यह एक दुर्लभ अवसर था,क्योंकि उन्हें तब तक प्रशासन चलाने का कोई वास्तविक अनुभव नहीं था। कच्छ भूकंप का सामना करने के बाद राज्य काफी दबाव में था। उन्होंने चीजों को बदलने की कोशिश की और विकास और पारदर्शिता पर बहुत काम किया। जब मोदी गुजरात के सीएम बने, तो राज्य में 67% नामांकन और 37% ड्रॉपआउट थे। उन्होंने लिंगानुपात और शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ कार्यक्रम शुरू किया। इसने अंततः 100% नामांकन देखा और यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए कि ड्रॉपआउट अनुपात लगभग शून्य हो जाए।
अमित शाह ने आगे कहा, किसी भी विकास के लिए सबसे बड़ी जरूरत शिक्षा की होती है.मुझे अभी ट्रोल किया गया था, मगर मैं फिर से बोलना चाहता हूं कि अनपढ़ों की फौज लेकर कोई देश विकास नहीं कर सकता,उसको पढ़ाने की जिम्मेदारी शासन की है। मैं अनपढ़ व्यक्ति के खिलाफ नहीं हूं,वो तो इस सिस्टम का विक्टिम है। उसको पढ़ाने का प्रयास करने का शासन का दायित्व है,जो ये दायित्व पूरा नहीं कर सकता वो उसका गुनेहगार है।
मेरठ: हस्तिनापुर विधानसभा कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं का प्रशिक्षण शिविर परीक्षितगढ़ कस्बे में स्थित भावना मंडप में हुआ। प्रशिक्षण शिविर बुधवार सुबह 10 बजे से प्रारंभ होकर शाम 4 बजे तक चला। प्रशिक्षण शिविर हस्तिनापुर विधानसभा के अंतर्गत आने वाले परीक्षितगढ़ ब्लॉक, मवाना ब्लॉक, हस्तिनापुर ब्लॉक तीनों ब्लॉक कमेटी न्याय पंचायत के अध्यक्ष एवं उनकी कमेटी ग्राम सभा के अध्यक्षों को प्रशिक्षण शिविर में प्रशिक्षण दिया गया। जिसमें बूथ प्रबंधन से लेकर आरएसएस का सच सोशल मीडिया एवं अन्य विषय पर प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में ट्रेनिंग टीम के हेड डा.हाफिजुर रहमान रहे। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अवनीश काजला प्रशिक्षण के आयोजक रहे। कार्यक्रम का संचालन ब्लॉक अध्यक्ष संदीप चौधरी ने किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से मवाना ब्लॉक अध्यक्ष यगवीर सिंह, प्रद्युमन गुर्जर, आशाराम, सत्यप्रकाश गौतम, राजेंद्र जाटव, सीमा जाटव, योगी जाटव, रघु प्रताप, लज्जावती कर्दम, मोनू बाल्मीकि, मनदीप चौधरी, महेंद्र शर्मा, संगठन प्रभारी जोन कुमार, मनोज चौहान, अंकुर चौधरी, अंकुर त्यागी, मुदब्बीर अली, इमरान अख्तर, जुनैद खान, नसीर त्यागी, सार्थक शर्मा आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
मेरठ: अपर आयुक्त मेरठ मंडल मेरठ एवं प्रभारी जिलाधिकारी मेरठ चैत्रा वी द्वारा हस्तिनापुर के बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र का भ्रमण कर जिला प्रशासन द्वारा किए जा रहे राहत कार्यों की मौके पर समीक्षा की गई तथा बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों का भ्रमण कर स्थलीय निरीक्षण किया गया। अपर आयुक्त ने हस्तिनापुर को बाढ़ से बचाव के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए। जलस्तर बढ़ने को देखते हुए बाढ़ राहत चौकी के साथ स्वास्थ सेवाओं के साथ नाविकों व नावों की उपलब्धता का अपर आयुक्त मेरठ मंडल मेरठ एवं प्रभारी जिलाधिकारी मेरठ चैत्रा वी ने जायजा लिया। इस दौरान प्रभारी जिलाधिकारी ने बाढ़ पीड़ितों से मिल कर उनकी समस्याओं से अवगत होते हुए संबन्धित अधिकारियों को कई आवश्यक निर्देश दिए। प्रभारी जिलाधिकारी ने चेताया कि बाढ़ से राहत व बचाव में किसी प्रकार की लापरवाही बरती गई तो संबंधित के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
मुजफ्फरनगर: मुजफ्फरनगर में पिछली बार विधानसभा और दो बार लोकसभा चुनाव में हिंदुत्व की मार झेल चुकी हैं प्रमुख विपक्षी पार्टियां। इसलिए अब हर कदम फूंक-फूंक कर रख रही हैं।
चुनाव में ध्रुवीकरण का माहौल बनने से टालने के लिए राजनीतिक दल पश्चिम में अधिकाधिक टिकट गैर मुस्लिम प्रत्याशियों को देने का मन बना रहे हैं। इससे जिले के बड़े मुस्लिम चेहरे सियासी झंझावात में फंस गए हैं। मुस्लिम मतदाताओं की ताक में
पश्चिम की राजनीति में अहम मुकाम रखने वाले मुजफ्फरनगर व शामली जनपद में मुस्लिम मतदाताओं की हिस्सेदारी एक तिहाई से अधिक है।
किसी जमाने में जहां सपा, बसपा, कांग्रेस व रालोद जैसे दल बड़े मुस्लिम सियासी घरानों के पीछे दौड़ते थे, वही वे दल अब केवल मुस्लिम मतदाताओं की ताक में हैं। ध्वस्त हो गया था दलित मुस्लिम समीकरण
बसपा से चुनाव लड़ कर दलित मतदाताओं के सहारे चुनावी जीत की नैया पार लगाने की मुस्लिम नेताओं की परंपरा हर टूटी है। पिछले विधानसभा चुनाव में कई बार हार चुके हैं।
बता दें कि पिछली बार चुनाव में सपा छोड़कर बसपा से चुनाव लड़े विधायक नवाजिश आलम मीरापुर सीट से हार गए थे, और सपा का एक अनजान चेहरा उनसे ज्यादा वोट ले गया था।
बसपा के तत्कालीन कद्दावर नेता कादिर राणा भी उनकी बेगम को बुढ़ाना से जितवा नहीं पाए थे। सिटिंग एमएलए रहे राणा परिवार के एक और सदस्य नूर सलीम राणा भी बसपा के टिकट पर चरथावल से चुनाव हार गए थे। कुल मिलाकर मुस्लिम मतदाताओं ने ही बसपा के इन बड़े चेहरों को नकार दिया था। दंगों में नामजदगी भी किनाराकशी का बनी कारण
कालांतर में हिंदूवादी संगठनों में उभार और भाजपा के केंद्र व राज्य में सत्तासीन होने के चलते सपा, बसपा रालोद व कांग्रेस जैसे विपक्षी दल चुनावी माहौल को सांप्रदायिक बनने से रोकना चाहते हैं। इन दलों को आशंका कि यदि चुनावी माहौल ध्रुवीकरण का बन गया तो दो तिहाई गैर मुस्लिम मतदाताओं का ध्रुवीकरण भाजपा पर हो सकता है।
अगर यही वजह रही तो शायद यह दल दंगे में नामजद व बदनाम किए गए बड़े मुस्लिम चेहरों को प्रत्याशी बनाने से परहेज करें। यदि ऐसे हालात बने तो दंगों की नामजदगी झेल रहे पूर्व सांसद कादिर राणा, पूर्व विधायक नूर सलीम राणा, पूर्व विधायक मौलाना जमील अहमद कासमी, दंगा कराने का आरोप झेल रहे पूर्व सांसद अमीर आलम व पूर्व विधायक नवाजिश आलम के लिए मुश्किल रहेगी।
बसपा छोड़ रालोद में शामिल हुए पूर्व सांसद अमीर आलम
जयंत के साथ मंच पर नजर नहीं आए थे आलम
विधानसभा चुनाव के बाद बसपा छोड़ रालोद में शामिल हुए पूर्व सांसद अमीर आलम जिले के कद्दावर मुस्लिम नेताओं में से एक माने जाते हैं। बावजूद जयंत के साथ मंच पर उनकी मौजूदगी फिलहाल अपवाद ही बन रही है।
आलम न तो टिकैत की जयंती पर और न ही बुढ़ाना में आशीर्वाद पथ यात्रा के दौरान जयंत के साथ मंच पर नजर आए। कारण कोई कुछ भी बताए लेकिन वजह साफ है की प्रमुख विपक्षी दल वोट तो लेना चाह रहे हैं लेकिन, भाजपा की रणनीति समझ मुस्लिम नेताओं से परहेज कर रहे हैं।
वाराणसी : दिसंबर 2013 की बात है,उन दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री हुआ करते थे। तब वह 2014 के लोकसभा चुनाव के लिए भाजपा की ओर से प्रधानमंत्री पद का चेहरा घोषित किए जा चुके थे।
राजातालाब क्षेत्र के पास खजुरी में हुई उस रैली में ऐसा जनसैलाब उमड़ा था कि विरोधियों के हौसले पस्त पड़ गए थे। भाजपा के एक पदाधिकारी कहते हैं कि 25 अक्टूबर को जब प्रधानमंत्री आएंगे तो दिसंबर 2013 वाला ही माहौल होगा और पूरे प्रदेश में एक बड़ा संदेश जाएगा। इसी के साथ ही उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव प्रचार की औपचारिक शुरूआत भी काशी से हो जाएगी। किसान, नौजवान और ऊर्जावान पर फोकस क्यों
नए कृषि कानूनों के विरोध में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसान लामबंद हैं। पूर्वांचल के किसानों के बीच किसान आंदोलन का अब तक कोई खास असर नहीं दिखा है। इसलिए वाराणसी, भदोही, चंदौली, जौनपुर, सोनभद्र और गाजीपुर के तकरीबन 42 हजार किसान प्रधानमंत्री की सभा में आएंगे। इन किसानों के माध्यम से यह संदेश देने की कोशिश की जाएगी कि किसान पूरे दमखम से भाजपा के साथ हैं और आगे भी साथ रहेंगे।
प्रधानमंत्री की सभा में 21 हजार बाइक से 42 हजार युवा शामिल होंगे। यह युवा वह हैं जो बीते सात साल से प्रधानमंत्री से सोशल मीडिया से लेकर वास्तविक जीवन में भी उनके फॉलोअर हैं। हाल ही में भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री संगठन वाराणसी आए थे तो उन्होंने भी पार्टी पदाधिकारियों से कहा था कि हमें बूथ से लेकर यूथ तक फोकस करना है। खासतौर से नए मतदाताओं पर विशेष ध्यान देना है और उन्हें किसी अन्य राजनीतिक दल की विचारधारा से प्रभावित नहीं होने देना है।
ऊर्जावान से मतलब उनसे है जो मुफ्त आवास, शौचालय, गैस सिलेंडर, मुफ्त बिजली कनेक्शन और राशन की सुविधा का लाभ प्राप्त किए हैं। भाजपा नेताओं का कहना है कि प्रधानमंत्री की कल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित हुए यह लोग उन्हें लेकर हमेशा ऊर्जा से लबरेज रहते हैं। इन लोगों का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वजह से उनके जीवन में आमूलचूल परिवर्तन आया है और अब तक इस तरह से उनकी बेहतरी के बारे में कोई नहीं सोचा था।
वाराणसी एक बड़ा केंद्र इस वजह से भी
बीते विधानसभा चुनाव में भाजपा को काशी क्षेत्र के 16 जिलों की 71 विधानसभा सीट में से 55 पर जीत मिली थी। तब पूर्वांचल का भाजपा का केंद्र काशी ही थी और इस बार भी है। भाजपा के रणनीतिकारों का कहना है कि पिछली बार सपा और कांग्रेस गठबंधन कर चुनाव लड़ी थी तब हमें इतनी ज्यादा सीट हासिल हुई थी। इस बार तो दोनों दल मजबूती के साथ अलग-अलग चुनाव लड़ रहे हैं, इसलिए वह एक-दूसरे को ही नुकसान पहुंचाएंगे।
इस वजह से भाजपा ने इस बार काशी क्षेत्र में 65 सीट जीतने का लक्ष्य रखा है। भाजपा के एक नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करिश्माई नेतृत्व क्षमता वाले जनप्रतिनिधि हैं। काशी से जब वह अपनी बात रखेंगे तो उसका एक अच्छा और सार्थक असर पूर्वांचल के साथ ही पश्चिम और बुंदेलखंड तक भी दिखाई देगा। संभ्रांत लोगों के घर जाकर किया जा रहा आमंत्रित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का काशी के संभ्रांत लोगों से एक विशेष लगाव है। कभी फोन तो कभी पत्र के माध्यम से वह सभी की सुधि लेते रहते हैं। इसलिए प्रधानमंत्री की जनसभा में काशी के संभ्रांत लोगों को आने के लिए विशेष रूप से उनके घर जाकर भाजपा नेता आमंत्रित कर रहे हैं।
भाजपा नेताओं का कहना है कि यह पढ़ेलिखे और प्रभावशाली लोग समाज के लोगों के बीच भाजपा के लिए एक अलग माहौल बनाएंगे और 2022 के विधानसभा चुनाव में बहुमत की सरकार बनाने में सफल रहेंगे।
नई दिल्ली: देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस की सदस्यता लेना अब आसान नहीं होगा। पार्टी ने शनिवार को सदस्यता के लिए नए नियम जारी किए हैं। नए नियम के मुताबिक, पार्टी की प्राथमिक सदस्यता के लिए व्यक्ति को शराब और ड्रग्स से दूर रखने की घोषणा करनी होगी। इतना ही नहीं नए सदस्य सार्वजनिक रूप से पार्टी की नीतियों की भी आलोचना नहीं कर सकेंगे। नए सदस्यता अभियान से पहले तैयार किए गए फॉर्म के मुताबिक, नए सदस्यों को 10 व्यक्तिगत वादे करने होंगे। सदस्यता के लिए प्रमुख वचन
• नए सदस्य सीलिंग कानून से अधिक प्रॉपर्टी नहीं रखेंगे।
• पार्टी की नीतियों और कार्यक्रमों में शामिल होंगे।
• शारीरिक श्रम या काम करने में संकोच नहीं करेंगे।
• शराब और ड्रग्स से दूर रहेंगे।
• सार्वजनिक रूप से पार्टी की नीतियों की आलोचना नहीं करेंगे।
• खादी पहनने का आदी होना होगा।
• सामाजिक भेदभाव नहीं करना होगा।
• भेदभाव मिटाने के लिए समाज में काम करूंगा। 1 नवंबर से 31 मार्च तक चलेगा सदस्यता अभियान
संगठन चुनाव से पहले सदस्यता अभियान 1 नवंबर से शुरू होगा और अगले साल 31 मार्च तक जारी रहेगा। नए कांग्रेस अध्यक्ष के लिए चुनाव अगले साल 21 अगस्त से 20 सितंबर के बीच होगा। हाल ही में कांग्रेस वर्किंग कमिटी में इस फैसले पर मुहर लगाई गई है। पार्टी नेता ने बताया संविधान का हिस्सा
नए नियमों को लेकर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मधुसूदन मिस्त्री ने कहा कि, यह एक पुराना आवेदन पत्र है और हमारे पार्टी के संविधान का हिस्सा है। हम नए और पुराने सभी पार्टी सदस्यों से उम्मीद करते हैं कि वे सभी नियमों का अनुसरण करेंगे।
राष्ट्रपति ने दीप प्रज्जविलत कर कार्यक्रम का किया शुभारंभ
विधानसभा शताब्दी समारोह शुरू हो गया है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने विधानसभा परिसर में बने शताब्दी स्मृति स्तंभ का शिलान्यास किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि बिहार आकर गदगद मदसूस कर रहा हूं। तो वहीं सीएम नीतीश ने कहा,राष्ट्पति महोदय से हमारा रिश्ता इतना मधुर है कि हम अक्सर कहते हैं असली बिहारी आप ही हैं।
पटना: बिहार विधानसभा शताब्दी समारोह शुरू हो गया है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने प्रज्जविलत कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया है। उन्होंने विधानसभा परिसर में बने शताब्दी स्मृति स्तंभ का शिलान्यास किया सााथ ही महामहिम ने परिसर में पवित्र बोधि वृक्ष का पौधा भी लगाया है। इससे पहले वो आज सुबह 10:50 बजे विधानसभा परिसर पहुंचे। उनके मंच पर पहुंचते ही राष्ट्र धुन बजाई गई। इसके बाद उन्होंने 11 बजकर 12 मिनट पर प्रज्जविलत किया और कार्यक्रम की शुरूआत की।
इस मौके पर राष्ट्रपति ने कहा कि मुख्यमंत्री जी जब मुझे बिहारी राष्ट्रपति के रूप में संबोधित कर रहे थे, तो मैं अंदर से ह्रदय से गदगद महसूस कर रहा था। उन्होंने कहा कि वो गदगद इसलिए महसूस कर रहे थे क्योंकि वो देश के प्रथम राष्ट्रपति राजेंद्र बाबू और इसी बिहार की धरती के राज्यपाल बन कर गए, बाद में वह राष्ट्रपति बने डॉक्टर जाकिर हुसैन साहब। उन्होंने जो विरासत छोड़ी है उस विरासत को आगे बढ़ाने का दायित्व मुझे मिला और सचमुच में जब मैं बिहार आता हूं तो मुझे लगता है कि मैं अपने घर में आया हूं। “सीएम नीतीश ने कहा असली बिहारी आप हैं”
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से पहले मुख्मंत्री नीतीश कुमार ने कार्यक्रम को संबोधिकत किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति महोदय ने बिहार विधानसभा भवन के शताब्दी वर्ष के मौके पर हमें समय दिया इसके लिए उनका बहुंत-बहुत धन्यवाद। रामनाथ कोविंद जी का रिश्ता बिहार से खास रहा है, राष्ट्रपति जी दो साल तक यहां राज्यपाल रहे हैं, और हमारे लिए गर्व की बात यह है कि 2 वर्ष तकों राज्यपाल रहते हुए वह सीधे राष्ट्रपति बने। हम इन्हें बिहारी भी कहते हैं। क्योंकि हमारा इनसे हमारा संबंध बहुत ही मधुर है। राष्ट्रपति महोदय जी आपसे हमारा संबंध इतना मधुर है कि हम अक्सर कहते हैं असली बिहारी आप ही हैं। सीएम नीतीश ने कहा इससे पहले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद विश्व शांति स्तूप के उद्घाटन में 2019 अक्टूबर में भी आए थे। “प्रधानमंत्री को भी कार्यक्रम में आमंत्रित करेंगे”
नीतीश कुमार ने कहा 22 मार्च 2009 से बिहार दिवस के रूप में हम लोगों ने कार्यक्रम मनाना शुरू किया। 2012 में बिहार के 100 साल पूरे होने के बाद जो कार्यक्रम हुआ था वह बहुत शानदार था और उसके लिए इसके लिए बिहार विधान परिषद के पूर्व सभापति स्वर्गीय तारा कांत झा जीने जो मेहनत किया था उसे हमेशा याद रखा जाना चाहिए। सीएम ने कहा कि हम लोग इस तरह के कार्यक्रमों को करते रहेंगे। अब तो अगली दफा भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी इस तरह के कार्यक्रम में बुलाने की योजना है। कार्यक्रम में तेजस्वी नहीं हुए शामिल
बता दें कि 11 बजकर 25 मिनट पर नेता प्रतिपक्ष नेता तेजस्वी यादव को भाषण देना था, लेकिन उन्होंने कार्यक्रम में आने से इनकार कर दिया। बताया जा रहा है कि वो भाषण के लिए तीन मिनट समय दिए जाने से नाराज हैं। राष्ट्रपति का कार्यक्रम महज 70 मिनट का था, इसलिए कार्यक्रम को काफी छोटा और संतुलित रखा गया था।
कांग्रेस ने महिला कार्ड खेलते हुए विधानसभा चुनाव में 40 फीसदी महिलाओं को टिकट देने का ऐलान किया है। कांग्रेस महिलाओं के जरिए राज्य में अपनी सियासी जमीन तैयार कर रही है।
नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश में कुछ ही महीनों में विधानसभा चुनाव होने हैं। लिहाजा इससे पहले सभी सियासी दलों ने समाज के सभी वर्गों को साधने की तैयारियां शुरू कर दी हैं। वहीं अब कांग्रेस ने राज्य में होने वाले चुनाव को लेकर बड़ा ऐलान किया है। कांग्रेस की महासचिव और यूपी की प्रभारी प्रियंका गांधी ने ऐलान किया है कि अगर राज्य में कांग्रेस की सरकार बनती है तो सरकार महिलाओं को स्कूटी और स्मार्टफोन देगी।
असल में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने महिलाओं को 40 फीसद टिकट देने की घोषणा के बाद आज एक बार फिर बड़ा ऐलान किया है। जिसके बाद माना जा रहा है कि प्रियंका गांधी महिलाओं पर ज्यादा फोकस कर रही हैं। प्रियंका ने आज इसका ऐलान करते हुए कहा कि चुनाव के बाद अगर राज्य में कांग्रेस की सरकार बनती है तो इंटर पास लड़कियों को स्मार्टफोन दिया जाएगा और ग्रेजुएट लड़कियों को इलेक्ट्रॉनिक स्कूटी दी जाएगी। घोषणा पत्र में शामिल किया ऐलान
असल में आज सुबह कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने अपने ऑफिशियल ट्विटर हैंडल पर लिखा है कि कल मैं कुछ छात्राओं से मिली और उन्होंने बताया कि उन्हें पढ़ने और सुरक्षा के लिए स्मार्टफोन की जरूरत है। आज मुझे इस बात की खुशी है कि घोषणा समिति की सहमति से यूपी कांग्रेस ने राज्य में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद इंटर पास लड़कियों को स्मार्टफोन दिया जाएगा और ग्रेजुएट लड़कियों को इलेक्ट्रॉनिक स्कूटी देने का फैसला किया है। महिलाओं के लिए 40 फीसदी का ऐलान कर चुकी है कांग्रेस
वहीं कांग्रेस ने महिला कार्ड खेलते हुए विधानसभा चुनाव में 40 फीसदी महिलाओं को टिकट देने का ऐलान किया है। कांग्रेस महिलाओं के जरिए राज्य में अपनी सियासी जमीन तैयार कर रही है। दक्षिण भारत में है मोबाइल, फ्रीज देना का चलन
असल में उत्तर भारत में चुनाव के दौरान सियासी दल अपने समर्थकों वोटरों को महंगे गिफ्ट देते हैं। लेकिन चुनाव के बाद बननी वाली सरकारों के बाद आम लोगों को फ्रीज, पंखे और जरूरी सामान देने का चलन दक्षिणी भारत में ज्यादा है। हालांकि प्रियंका ने यूपी में इसकी शुरूआत कर दी है। वहीं माना जा रहा है कि राज्य में कांग्रेस की देखा देखी में अन्य सियासी दल भी राज्य की जनता को लुभाने के लिए बड़े ऐलान कर सकते हैं।
देश ने कोरोना वैक्सीन के 100 करोड़ डोज का आंकड़ा आज सुबह 9.47 बजे पूरा किया। 75 प्रतिशत युवा आबादी को कम से कम एक डोज लग चुका है और 31 प्रतिशत आबादी को दोनों डोज लग चुके हैं।
नई दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कोरोना वैक्सीन के 100 करोड़ डोज का आंकड़ा पूरा होने पर सभी देशवासियों को बधाई दी। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि आज भारत ने 100 करोड़ से अधिक कोरोना वैक्सीन लगाने के लक्ष्य को प्राप्त कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और निरंतर प्रोत्साहन से एक ऐसा कीर्तिमान बनाया है, जिसने पूरे विश्व को नए भारत की अपार क्षमताओं से एक बार फिर परिचित कराया है।
अमित शाह ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर पूरे देश को बधाई दी। उन्होंने कहा,”अनेकों चुनौतियों को पार कर इस महायज्ञ में अपना योगदान देने वाले सभी वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं और स्वास्थ्यकर्मियों का आभार और हर व्यक्ति की सुरक्षा व स्वास्थ्य हेतु संकल्पित मोदी का अभिनन्दन करता हूं।” दरअसल, देश ने कोरोना वैक्सीन के 100 करोड़ डोज का आंकड़ा आज सुबह 9.47 बजे पूरा किया। 75 प्रतिशत युवा आबादी को कम से कम एक डोज लग चुका है और 31 प्रतिशत आबादी को दोनों डोज लग चुके हैं। हेल्थ वर्कर्स को बीजेपी नेताओं ने दी बधाई
100 करोड़ डोज पूरे होने के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के राम मनोहर लोहिया (आरएमएल) अस्पताल पहुंचे। वे यहां करीब 20 मिनट रहे। इस दौरान उन्होंने हेल्थकेयर वर्कर्स से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कुछ दिव्यांगों और अस्पताल के सुरक्षाकर्मी और दूसरे स्टाफ से भी बात कर उन्हें बधाई दी। बताया जा रहा है कि बीजेपी नेताओं को भी वैक्सीनेशन सेंटर्स पर जाकर हेल्थ वर्कर्स का सम्मान करने के लिए कहा गया है।
भारत ने सिर्फ 10 महीने में असंभव को संभव कर दिखाया। करीब 130 करोड़ की आबादी में कोरोना वैक्सीन की 100 करोड़ वैक्सीनेशन का डोज का आंकड़ा देश के लिए बेहतरीन उपलब्धि है। भारत की इस कामयाबी ने दुनिया को चौंका दिया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन में दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र की क्षेत्रीय निदेशक डॉक्टर पूनम खेत्रपाल सिंह के मुताबिक भारत का ये माइलस्टोन बहुत खास है, क्योंकि भारत ने अपने देश की जनता के साथ दुनिया के और देशों को भी वैक्सीन की करोड़ों डोज़ दी हैं।
नीति आयोग के सदस्य डा.वीके पॉल ने बताया कि 75 प्रतिशत से अधिक युवाओं को पहली खुराक दी गई है। उन्होंने सभी 2 प्रतिशत युवाओं से जल्द से जल्द वैक्सीन लगवाने की अपील की।
नई दिल्ली : भारत ने कोरोना वैक्सीनेशन के मामले में स्वर्णिम इतिहास रच दिया है. नए मील के पत्थर को पार करते हुए देश में वैक्सीनेशन का आंकड़ा 100 करोड़ के पार पहुंच गया है। नीति आयोग के सदस्य डॉ वीके पॉल ने भारत के लोगों और स्वास्थ्य कर्मियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारत में टीकाकरण कार्यक्रम शुरू होने के बाद से केवल 9 महीनों में एक उपलब्धि,किसी भी राष्ट्र के लिए 1 बिलियन खुराक के निशान तक पहुंचना उल्लेखनीय है।
डा.वीके पॉल ने बताया कि 75 प्रतिशत से अधिक युवाओं को पहली खुराक दी गई है। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी राम मनोहर लोहिया अस्पताल पहुंचे। प्रधानमंत्री ने इस दौरान डॉक्टरों और फ्रंट लाइन वर्कर्स से मुलाकात की, जिन्होंने 10 महीने पहले वैक्सीनेशन की शुरुआत के वक्त आगे आकर सबसे पहले वैक्सीन की डोज लगवाई थी। करीब 130 करोड़ की आबादी में कोरोना वैक्सीन की 100 करोड़ वैक्सीनेशन का डोज का आंकड़ा देश के लिए बेहतरीन उपलब्धि है। PM मोदी ने दी स्वास्थ्य कर्मियों को बधाई
देश में कोविड-19 वैक्सीनेशन का आंकड़ा 100 करोड़ के पार पहुंचने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई दी। प्रधानमंत्री ने अपने ट्वीट में लिखा,”हमारे डॉक्टरों,नर्सों और उन सभी को धन्यवाद जिन्होंने इस उपलब्धि को हासिल करने के लिए काम किया। अमित शाह ने देश भर को दी बधाई
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत की 100 करोड़ COVID-19 टीकाकरण की उपलब्धि ने दुनिया को नए भारत की अपार संभावनाओं से फिर से परिचित कर दिया है। उन्होंने कहा कि,”इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर पूरे देश को बधाई देता हूं।” डा.पूनम खेत्रपाल ने दी भारत को बधाई
डब्ल्यूएचओ की दक्षिण-पूर्व एशिया की क्षेत्रीय निदेशक डा.पूनम खेत्रपाल सिंह ने भी इस मौके पर भारत को बधाई दी। उन्होंने कहा भारत को एक और मील का पत्थर साबित करने के लिए बधाई। भारत ने एक अरब कोरोना वैक्सीन खुराक प्रशासित की हैं।
पूनम खेत्रपाल सिंह ने कहा कि भारत का ये माइलस्टोन बहुत खास है क्योंकि भारत ने अपने देश की जनता के साथ दुनिया के और देशों को भी वैक्सीन की करोड़ों डोज़ दी हैं। WHO भारत को इस कामयाबी के लिए बहुत बधाई देता है। केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने की लोगों की सराहना
केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने भी बधाई देते हुए कहा कि महामारी के इस दौर में जिस तरह से लोगों ने अनुशासन रखा, कोरोना के सारे दिशा-निर्देशों का पालन किया और अपनी इच्छाशक्ति, आत्मशक्ति और अपने विश्वास को बनाए रखा उसी का परिणाम है कि आज देश ने 100 करोड़ कोविड-19 वैक्सीनेशन का आंकड़ा पार किया है। रेलवे ने भी निभाई अहम भूमिका: अश्विनी वैष्णव
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यह एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। इस मुकाम को हासिल करने में रेलवे के कर्मचारियों ने भी अहम भूमिका निभाई है। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि लोगों को पूर्ण टीकाकरण मिले। उन्होंने लोगों से COVID19 वैक्सीन हिचकिचाहट दूर करने की अपील की।
वहीं, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उन सभी को बधाई जो कोरोना की वैक्सीन लेकर प्रधानमंत्री मोदी के संकल्प के साथ जुड़े और भारत को कोरोना मुक्त होने की परिकल्पना को साकार करने में मदद की। भारत में कोविड-19 वैक्सीनेशन का आंकड़ा 100 करोड़ के पार हो गया है। मनसुख मांडविया ने बांटी मिठाई
देश में वैक्सीनेशन का आंकड़ा 100 करोड़ के पार पहुंचने के बाद कोविड-19 वॉर रूम पहुंचे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने मिठाई बांटी। उन्होंने सभी को बधाई दी।
बंगाल विधानसभा चुनाव में जीत के बाद टीएमसी कांग्रेस के कई नेताओं को तोड़ने में सफर रही है। त्रिपुरा और गोवा में कांग्रेस के नेताओं ने टीएमसी का दामन थामा है और अब टीएमसी यूपी में एंट्री की तैयारी कर रही है। नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव (West Bengal Assembly Election) के बाद दूसरे राज्यों में अपने विस्तार के लिए जुटी टीएमसी (TMC) का कांग्रेस से तकरार शुरू हो गयी है। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) के उत्तर प्रदेश के अपने दौरे में महिलाओं को यूपी चुनाव में 40 फीसदी टिकट देने के ऐलान के बीच पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ टीएमसी ने कहा है कि कांग्रेस अब बुरे दिनों में जीत के लिए उनकी पार्टी की नकल कर रही है। तृणमूल कांग्रेस ने कहा कि अगर कांग्रेस सचमुच ऐसा करना चाहती है तो उसे दूसरे राज्यों में भी यही करना चाहिए। पार्टी केवल प्रतीकात्मक रवैया न अपनाए।
बता दें कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में जीत के बाद टीएमसी कांग्रेस के कई नेताओं को तोड़ने में सफर रही है। त्रिपुरा और गोवा में कांग्रेस के नेताओं ने टीएमसी का दामन थामा है और अब टीएमसी यूपी में एंट्री की तैयारी कर रही है। कांग्रेस के पूर्व नेता ललितेश त्रिपाठी के टीएमसी में शामिल होने की अटकलें लग रही हैं। टीएमसी लोकसभा चुनाव में 40 प्रतिशत सीटें देने वाली है पहली पार्टी
टीएमसी ने ट्वीट करके कहा कि “ममता बनर्जी के दूरदर्शी नेतृत्व में टीएमसी ने इस देश में राजनीति में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने का रास्ता दिखाया है। हम लोकसभा चुनावों में महिलाओं को 40 प्रतिशत सीटें देने वाली पहली पार्टी हैं।” टीएमसी ने कहा है कि कांग्रेस अब बुरे दिनों में जीत के लिए उनकी पार्टी की नकल कर रही है। तृणमूल कांग्रेस ने कहा कि अगर कांग्रेस सचमुच ऐसा करना चाहती है तो उसे दूसरे राज्यों में भी यही करना चाहिए। पार्टी केवल प्रतीकात्मक रवैया न अपनाए। टीएमसी सांसद सौगत रॉय ने कहा, “महिलाओं के लिए 40% सीटें आरक्षण देने में कोई अस्पष्टता नहीं है। यह अच्छा है कि कांग्रेस अब तक समझ चुकी है। ममता यह सब बहुत पहले कर चुकी हैं। हमारे 41% उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है। विधानसभा चुनाव में हम में से 50 महिलाएं थीं। पंचायत में महिलाओं के लिए आरक्षण है। अब तक वे इसे समझ चुके हैं। कांग्रेस और टीएमसी में लगातार हो रही है तकरार
टीएमसी के इस तंज पर कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रदीप भट्टाचार्य ने कहा कि महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण के लिए देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस को टीएमसी से शिक्षा लेने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि सच तो यह है कि टीएमसी ने कांग्रेस की नकल की है।
अगले कुछ महीनों बाद यूपी, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। यूपी में अपनी राजनीतिक जमीन फिर से पाने के लिए कांग्रेस पार्टी हर जतन कर रही है। दूसरी तरफ तृणमूल कांग्रेस ने पिछले चुनाव में पश्चिम बंगाल में शानदार सफलता पाने से उत्साहित होकर संपूर्ण विपक्ष की आवाज बनने की कोशिश में है। पार्टी चाहती है कि पूरा विपक्ष सीएम ममता बनर्जी के नेतृत्व में आगे बढ़े, जबकि सबसे पुरानी पार्टी होने के नाते कांग्रेस को किसी के नेतृत्व में आगे बढ़ना स्वीकार नहीं है।
अमरिंदर सिंह के साथ गठबंधन पर बीजेपी नेता दुष्यंत गौतम का बयान
नई दिल्ली: पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने पंजाब विधानसभा चुनावों के लिए नई पार्टी बनाने का ऐलान किया है और बीजेपी के साथ गठबंधन के भी संकेत दिए हैं। अब इस मामले पर भाजपा महासचिव और पंजाब प्रभारी दुष्यंत गौतम ने खुलकर बात की है।
उन्होंने कहा है कि जहां तक गठबंधन की बात है वो हमारी अपनी प्राथमिकताएं हैं। राष्ट्रवाद हमारी पहली प्राथमिकता है और अगर वो हमारे साथ इस मुद्दे पर जुड़ते हैं तो उनका स्वागत है। अनेकों पार्टियां हमारे साथ जुड़ रही हैं। उनका जो मुद्दा है किसान हित का है, उसपर हम पहले से काम कर रहे हैं।
दुष्यंत गौतम ने कहा, गठबंधन पर फैसला पार्लियामेंट्री बोर्ड और बड़े नेता लेंगे। कैप्टन और कैप्टेन जैसे दूसरे राष्ट्रवादी के लिए हमारे दरवाजे खुले हैं। नवजोत सिंह सिद्धू और पंजाब के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी पर साधा निशाना
उन्होंने आगे कहा,भले ही पंजाब में शासन में रहते हुए उन्हें जो जनता के लिए करना चाहिए वो नहीं किया लेकिन जब-जब राष्ट्र की बात आई है,सीमा की बात आई है, उनकी भूमिका बहुत अच्छी रही है। कभी भी वो पाकिस्तान के टेलीविजन पर हीरो नहीं बने और पाकिस्तान के टीवी पर जो लोग हीरो बने और वहां षड्यंत्र रचते रहे की मोदी को हराना है जो बाजवा के गले मिलते रहे वो पाकिस्तान के टीवी के हीरो हैं और पाकिस्तान ही हमारा दुश्मन है।
उन्होंने कहा, सिद्धू और चन्नी का स्वार्थ का साथ है, दलित बताकर चन्नी को सीएम बनाया लेकिन किसी भी तरह दलित का एक्ट नहीं करता वो दलितों के मंदिर में कहा गया वो तो चर्च गया। वो उनका एजेंडा है। आज तो चन्नी ने तो सिद्धू को चैलेंज भी किया कि आओ 2 महीना सीएम बनकर देख लो। अगर कैप्टेन साहब किसानों के लिए कोई अच्छा समाधान का फॉर्मूला लाते हैं तो उसका स्वागत है।
दुष्यंत गौतम ने कहा, हर राष्ट्रवादी का बीजेपी में स्वागत है। कैप्टन अमरिंदर सिंह राष्वादी हैं। उन्होंने कभी पाकिस्तान का साथ नहीं दिया। वो सदा देशहितों के साथ खड़े रहे। कैप्टन परिवारवाद से राष्ट्रवाद की तरफ बढ़ रहे हैं स्वागत है।
क्रूज पर ड्रग्स पार्टी मामले में जेल में बंद एक्टर शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान की जमानत याचिका खारिज हो गई है।
आर्यन खान को जमानत नहीं मिली है। आर्यन खान सहित मुनमुन धमीचा और अरबाज मर्चंट कगी जमानत अर्जी नामंजूर कर दी गई है। आर्यन खान को नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरो की टीम ने 2 अक्टूबर रात बेलार्ड पियर के ग्रीन गेट से क्रूज कार्डिला पर तब पकड़ा था जब वो मुम्बई से गोवा अपने दोस्तों के साथ पार्टी करने जा रहे थे। मुंबई: मुंबई की स्पेशल एनडीपीएस कोर्ट ने आर्यन खान, अरबाज मर्चेंट और मुनमुन धमेचा की जमानत याचिका खारिज कर दी है। मुंबई क्रूज ड्रग्स केस (Mumbai Cruise Drugs Case) में फंसे आर्यन खान (Aryan Khan) की बेल अर्जी पिछले कई दिनों से अगली तारीख पर टाल दी जा रही थी। 14 अक्टूबर को सेशन कोर्ट में वकीलों की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश वीवी पाटील ने जमानत अर्जी पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। इसके बाद कोर्ट ने दशहरे की छुट्टियों के बाद 20 अक्टूबर को जमानत अर्जी पर अपना फैसला सुनाने की बात कही थी। आज इस पर फैसला आ गया और आर्यन खान की जमानत अर्जी नामंजूर कर दी गई।
आर्यन खान को नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरो की टीम ने 2 अक्टूबर रात बेलार्ड पियर के ग्रीन गेट से क्रूज कार्डिला पर तब पकड़ा था जब वो मुम्बई से गोवा अपने दोस्तों के साथ पार्टी करने जा रहे थे। 12 घंटे की पूछताछ के बाद आर्यन खान को अन्य सात आरोपियों के साथ गिरफ्तार कर लिया गया। इसी दिन यानी 3 अक्टूबर को ही आर्यन खान को मुम्बई की चीफ मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट के सामने किला कोर्ट में पेश किया। यहां आर्यन को 4 अक्टूबर तक कि एनसीबी हिरासत मिली। 4 अक्टूबर को दोबारा आर्यन को किला कोर्ट में पेश किया गया जहां आर्यन और अन्य को 7 अक्टूबर तक की एनसीबी हिरासत में कोर्ट ने भेज दिया। फिलहाल आर्थर रोड जेल में रहेंगे आर्यन
इसके बाद 7 अक्टूबर को आर्यन तीसरी बार कोर्ट में पेश हुए जहां उन्हें 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा गया इसके बाद 8 अक्टूबर को आर्यन को एनसीबी ने मेडिकल करवाकर आर्थर रोड जेल में शिफ्ट किया गया। 8 से 13 अक्टूबर तक आर्यन खान आर्थर रोड जेल के क्वारंटीन बैरक में रहे। 14 अक्टूबर को आर्यन खान की कोविड रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद उन्हें सामान्य बैरक में शिफ्ट किया गया। आज आर्यन को सेशन कोर्ट से जमानत नहीं मिल पाई है।
CBSE टर्म 1 परीक्षा के लिए छात्रों को परीक्षा केंद्र बदलने का मौका देगा।
CBSE Board Term 1 Exam 2021: सीबीएसई ने टर्म एग्जाम के संबंध में एक नया नोटिस जारी किया है। इस नोटिस के मुताबिक छात्र अपना परीक्षा केंद्र बदलवा सकेंगे।
नई दिल्ली: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ((Central Board of Secondary Education) द्वारा हाल ही में टर्म 1 परीक्षा की डेटशीट जारी की गई थी। अब सीबीएसई ने एक नोटिस जारी कर छात्रों को सूचित किया है कि वे उन्हें परीक्षा केंद्र (CBSE Term 1 Exam Centre) बदलने की सुविधा देंगे। सीबीएसई के नोटिस के मुताबिक बोर्ड के यह संज्ञान में आया है कि कई छात्रों उस स्थान पर नहीं हैं जहां उनका स्कूल है, ऐसे में छात्रों को परीक्षा शहर बदलने की सुविधा दी जाएगी। सीबीएसई छात्रों को सूचित करेगा कि कब वे अपने स्कूल से संपर्क कर परीक्षा केंद्र बदलने की रिक्वेस्ट डाल सकते हैं। परीक्षा नियंत्रक ने बताया- कैसे तैयार होगा बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट
सीबीएसई के परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने कहा, ”हम छात्रों को परीक्षा में बैठने और उनके प्रदर्शन में सुधार के लिए अधिक अवसर प्रदान करने के लिए एनईपी की सिफारिशों का पालन कर रहे हैं। इसलिए हमने 2 टर्म में परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया है। टर्म 1 ऑब्जेक्टिव टाइप होगा और टर्म 2 सब्जेक्टिव होगा।” उन्होंने आगे कहा, ”फाइनल रिजल्ट दोनों टर्म पर आधारित होगा। लेकिन अगर महामारी के कारण टर्म 2 नहीं हुआ, तो रिजल्ट टर्म 1 के अनुसार तैयार होगा। टर्म 1 छात्रों को यह जानने में मदद करेगा कि टर्म 2 के लिए उन्हें किन क्षेत्रों में सुधार करने की आवश्यकता है।”
सीबीएसई नवंबर-दिसंबर में 10वीं और 12वीं के लिए पहली बार की बोर्ड परीक्षा ऑफलाइन आयोजित करेगा। सभी छात्र आधिकारिक वेबसाइट- cbse.gov.in पर डेट शीट देख सकते हैं। इस साल CBSE पिछले साल की तरह एक वार्षिक परीक्षा पैटर्न के बजाय दो बोर्ड परीक्षाओं का आयोजन करेगा। टर्म 1 परीक्षा ऑब्जेक्टिव टाइप होगा और इस परीक्षा की अवधि 90 मिनट होगा। सर्दी का मौसम होने के कारण परीक्षाएं सुबह 11।30 बजे से शुरू होंगी। 10वीं की परीक्षाएं 30 नवंबर से शुरू होकर 11 दिसंबर को खत्म होंगी, जबकि 12वीं की परीक्षाएं एक दिसंबर से शुरू होकर 22 दिसंबर को खत्म होंगी।
T20 World Cup 2021, IND VS AUS: रोहित शर्मा कर रहे हैं कप्तानी, विराट आराम पर
T20 World Cup 2021: ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वॉर्मअप मैच में भारत की पहले गेंदबाजी. एरॉन फिंच के नाम रहा टॉस,रोहित शर्मा के हाथों में कमान नई दिल्ली: टी20 वर्ल्ड कप 2021 में अपने दूसरे वॉर्मअप मैच में टीम इंडिया को पहले गेंदबाजी का न्योता मिला है। दुबई में खेले जा रहे मुकाबले में ऑस्ट्रेलियाई कप्तान एरॉन फिंच ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी। बड़ी खबर ये है कि विराट कोहली को आराम दिया गया है और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ रोहित शर्मा कप्तानी कर रहे हैं। रोहित शर्मा ने बताया कि विराट कोहली, जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद शमी को आराम दिया गया है। बुमराह और मोहम्मद शमी ने इंग्लैंड के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन किया था लेकिन कप्तान कोहली फ्लॉप रहे थे। आईपीएल 2021 का दुबई लेग भी उनके लिए कुछ खास नहीं रहा था लेकिन इसके बावजूद भारतीय कप्तान ने आराम करने का फैसला लिया।
रोहित शर्मा ने टॉस के बाद कहा कि उनका लक्ष्य इस मैच में छठा गेंदबाजी विकल्प तलाशना है। रोहित ने कहा, ‘हम भी पहले बल्लेबाजी करना चाहते थे और स्कोर बोर्ड पर रन लगाना चाहते थे। हम इस मैच में छठे गेंदबाजी विकल्प को तलाशेंगे। बैटिंग ऑर्डर में भी हम विकल्प तलाश करेंगे। आज सभी प्रयोग किए जाएंगे। हार्दिक पंड्या ने अबतक गेंदबाजी नहीं की है लेकिन उन्हें टूर्नामेंट के लिए तैयार रहना चाहिए। हमारे पास बेहतरीन पांच गेंदबाज हैं लेकिन छठे विकल्प की भी जरूरत पड़ती है।’ दूसरे वॉर्मअप मैच में किन खिलाड़ियों को मिलेगा मौका?
दूसरे वॉर्मअप मैच में रोहित शर्मा तो खेल ही रहे हैं लेकिन उनके साथ-साथ रवींद्र जडेजा, शार्दुल ठाकुर और वरुण चक्रवर्ती को भी मौका मिलेगा। ये चारों खिलाड़ी पहले वॉर्मअप मैच में नहीं खेले थे। इस मुकाबले में केएल राहुल, हार्दिक पंड्या, सूर्यकुमार यादव और भुवनेश्वर कुमार भी खेलेंगे। केएल राहुल ने तो पहले मैच में अपनी कमाल की बल्लेबाजी दिखाई थी लेकिन पंड्या, सूर्यकुमार और भुवी की फॉर्म पर अब भी सवाल है। ऑस्ट्रेलिया के सामने भी हैं सवाल
न्यूजीलैंड को पहले वॉर्मअप मैच में हराने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम के सामने भी कई गंभीर सवाल हैं। ऑस्ट्रेलिया के लिए सबसे बड़ी चिंता की बात डेविड वॉर्नर की फॉर्म है जो आईपीएल 2021 में फ्लॉप होने के बाद वॉर्मअप मैच में भी पहली ही गेंद पर आउट हो गए थे। उनके अलावा मार्कस स्टोयनिस की फिटनेस भी ऑस्ट्रेलिया इस मैच में जांचना चाहेगा। मैथ्यू वेड की फॉर्म भी कुछ खास नहीं है और तेज गेंदबाज पैट कमिंस भी काफी समय से क्रिकेट नहीं खेले हैं।