- दरअसल पिछले साल राज्य की योगी आदित्यनाथ सरकार ने झांसी के रेलवे स्टेशन का नाम बदलकर वीरांगना लक्ष्मीबाई कर दिया गया है। नाम बदले जाने के विरोध में हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी।
इलाहाबाद: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के एक फैसले पर मुहर लगाते हुए याचिका करने वालों को बड़ा झटका दिया है। असल में उत्तर प्रदेश सरकार के झांसी रेलवे स्टेशन का नाम बदलने के फैसले के खिलाफ दायर याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ने कहा कि रानी लक्ष्मीबाई ने अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई में कुर्बानी दी थी। इसलिए झांसी को वीरांगना लक्ष्मीबाई के नाम से जाना जाना चाहिए। याचिकाकर्ता का कहना था कि झांसी रेलवे स्टेशन का नाम नहीं बदला जाना चाहिए क्योंकि इससे लोग भ्रमित हो रहे हैं।
योगी आदित्यनाथ सरकार ने अपने पांच साल के कार्यकाल में कई स्टेशन और शहरों का नाम बदला। इसमें झांसी रेलवे स्टेशन का भी नाम शामिल है। राज्य सरकार ने झांसी के रेलवे स्टेशन का नाम बदलकर वीरांगना लक्ष्मीबाई कर दिया गया था और इसके खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी। याचिकाकर्ता का कहना था कि रेलवे स्टेशन का नाम बदलने के कारण कई यात्री भ्रमित हो रहे हैं। जिसके बाद हाईकोर्ट ने टिप्पणी कर राज्य सरकार के फैसले पर मुहर लगाई है और कहा कि रानी लक्ष्मीबाई ने अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई में कुर्बानी दी थी। इसलिए झांसी को वीरांगना लक्ष्मीबाई के नाम से जाना जाना चाहिए।गौरतलब है कि सीएम योगी आदित्यनाथ की घोषणा के बाद पिछले साल दिसंबर में झांसी स्टेशन का नाम बदलकर वीरांगना लक्ष्मीबाई कर दिया गया था।
- जानिए क्या कहा कोर्ट ने
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा ‘रानी लक्ष्मीबाई ने देश के स्वतंत्रता संग्राम में बड़ा त्याग किया और उन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ लड़ाई लड़ी। लिहाजा लोगों को उस जगह के बारे में जानना चाहिए। कोर्ट ने कहा कि कई स्टेशनों का नाम उन महापुरुषों के नाम पर रखा गया है, जिनके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। रानी लक्ष्मीबाई को उनकी वीरता के कारण पूरी दुनिया जानती है। - योगी सरकार ने बदले कई शहरों और स्टेशन के नाम
राज्य की योगी आदित्यनाथ सरकार ने अपने कार्यकाल में अभी तक कई शहरों के नाम बदले हैं। जबकि कई शहरों का नाम बदले जाने को लेकर राज्य सरकार से अपील की गई है। राज्य सरकार ने मुगलसराय, इलाहाबाद और फैजाबाद बदला है। राज्य सरकार ने मुगलसराय का नाम बदलकर दीनदयाल उपाध्याय नगर, इलाहाबाद का नाम बदलकर प्रयागराज और फैजाबाद का नाम बदलकर अयोध्या कर दिया था। इसके साथ ही राज्य सरकार ने झांसी जिले के रेलवे स्टेशन का नाम भी बदल दिया था।




इस कार्यक्रम में हापुड़ योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन की अध्यक्ष शहवार, योगिनी शिवानी तथा प्रधानाचार्य डा.सुमन रानी अग्रवाल ने सभी प्रतिभागियों को स्वर्ण पदक,रजत पदक व कांस्य पदक तथा सर्टिफिकेट देकर प्रोत्साहित किया।
महिला कल्याण अधिकारी वर्तिका दीक्षित ने बताया कि सात मार्च को ‘वूमन ऑफ टुमारो’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसके तहत किशोरियों व महिलाओं के साथ उनकी शिक्षा व स्वावलंबन की चुनौतियों पर चर्चा आयोजित की जाएगी । यह कार्यक्रम ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में विद्यालय, कालेज, विश्वविद्यालय, आंगनबाड़ी, महिला शरणालय, बालिका गृहों व संरक्षण गृहों आदि के स्तर पर आयोजित किए जाएंगे ।
हाॅस्पिटल प्रबंधक शिविर में हिस्सा लेने वाले डाॅक्टरों डा.अधीर कुमार पाण्डें, डा.धनवीर सिंह, डा.(मेजर) राहुल शर्मा, डा. अभिनव रस्तौगी, डा.विशाल वी.सिंह, डा.अंजली पूनिया,डा. निधि एवं डाइटिशियन ज्योति सिंह का आभार प्रकट करता है जिन्होनें शिविर को कामयाब बनाने में अपना बहुमूल्य योगदान दिया।















